देश की खबरें | गुडडन पुलिसकर्मियों पर हुए हमले में ना तो नामजद और ना ही वांछित : कानपुर पुलिस
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. कानपुर पुलिस ने शनिवार को दावा किया कि बिकरू गांव में पुलिसकर्मियों पर घात लगाकर किये गये हमले के सिलसिले में अरविन्द उर्फ गुडडन तिवारी ना तो वांछित है और ना ही नामजद ।
कानपुर (उप्र), 11 जुलाई कानपुर पुलिस ने शनिवार को दावा किया कि बिकरू गांव में पुलिसकर्मियों पर घात लगाकर किये गये हमले के सिलसिले में अरविन्द उर्फ गुडडन तिवारी ना तो वांछित है और ना ही नामजद ।
अधिकारी हालांकि इस बात का जवाब नहीं दे पा रहे हैं कि पुलिस ने कुख्यात अपराधी विकास दुबे के गैंग का सक्रिय सदस्य बताकर 14 अन्य लोगों के साथ गुडडन का फोटो क्यों जारी किया था ।
यह भी पढ़े | मुंबईः बीएमसी को बड़ा झटका, सहायक आयुक्त अशोक खैरनार की कोरोना से मौत.
कानपुर के एसएसपी दिनेश कुमार प्रभु ने एक प्रेस नोट जारी कर कहा कि अरविन्द और उसका ड्राइवर सोनू तिवारी महाराष्ट्र के ठाणे से मुंबई एटीएस द्वारा पकडे गये हैं । वह चौबेपुर मुठभेड मामले में न तो वांछित हैं और न ही नामजद ।
प्रेस नोट में कहा गया कि यह बात सामने आयी है कि उक्त आरोपी कुख्यात गैंगस्टर विकास दुबे के गैंग का पुराना सदस्य है । चौबेपुर थाने में दर्ज मामले में गुडडन की भूमिका की गहरायी से जांच की जा रही है ।
उक्त आरोपी चौबेपुर थाने में दर्ज मामले में ना तो नामजद है और ना ही वांछित । विकास को एक मुठभेड में पुलिस ने मार गिराया । उसके एक ही दिन बाद शनिवारी सुबह गुडडन और उसके ड्राइवर सोनू तिवारी को महाराष्ट्र पुलिस ने आठ पुलिसकर्मियों पर घात लगाकर किये गये हमले और 2001 में मंत्री संतोष शुक्ला की हत्या के सिलसिले में गिरफ्तार किया ।
जुहू एटीएस ने ठाणे में एक ठिकाने पर छापा मारकर गुडडन और उसके ड्राइवर को पकडा।
गुडडन विकास के साथ कई आपराधिक मामलों में कथित रूप से शामिल था । उत्तर प्रदेश सरकार ने गुडडन की गिरफ्तारी पर इनाम का ऐलान किया था । एक अधिकारी ने नाम उजागर नहीं करने की शर्त पर बताया कि आठ पुलिसकर्मियों की घात लगाकर हुई हत्या के बाद गुडडन गांव के निकट एक दुकान पर अपना फोन छोड दिया था और ड्राइवर के साथ मध्य प्रदेश चला गया था ।
मध्य प्रदेश के दतिया से वह नासिक गया और फिर पुणे । उसके बाद ठाणे पहुंचा । गुडडन ठाणे में एक दोस्त के घर पर रूका था । स्थितियों और पुलिस कार्रवाई पर वह खबरों के जरिए पूरी नजर रख रहा था ।
विकास दुबे को पुलिस ने शुक्रवार को मुठभेड में मार गिराया था । पुलिस का दावा है कि विकास को उज्जैन से लेकर जो वाहन आ रहा था, वह अचानक पलट गया । विकास ने भागने का प्रयास किया और मारा गया ।
सं अमृत
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)