देश की खबरें | एनडीएलएस भगदड़: स्थानांतरित पांच अधिकारियों में से दो की एनएफआर मुख्यालय में तैनाती

नयी दिल्ली, 15 मार्च नयी दिल्ली रेलवे स्टेशन पर फरवरी में भगदड़ की घटना के बाद हटाए गए पांच रेलवे अधिकारियों में से दो को उत्तर रेलवे मुख्यालय में नयी तैनाती दी गई है। भगदड़ की घटना में 18 यात्री मारे गए थे।

अधिकारियों ने कहा कि इन तैनाती को "दंडात्मक पदस्थापना" माना जाता है, क्योंकि इनके पास रेल परिचालन संबंधी कोई अहम अधिकार नहीं होता है।

रेलवे स्टेशन पर भगदड़ की घटना के बाद रेल प्रशासन ने 4 मार्च 2025 को चार अलग-अलग आदेश जारी करके पांच अधिकारियों को हटा दिया था।

स्टेशन निदेशक के पद से हटाए गए महेश यादव को नयी दिल्ली स्थित उत्तर रेलवे मुख्यालय में माल परिचालन सूचना प्रणाली (एफओआईएस) के लिए उप मुख्य परिचालन प्रबंधक (डिप्टी सीओएम) के पद पर पुनः नियुक्त किया गया है।

उत्तर रेलवे (एनआर) द्वारा 12 मार्च 2025 को जारी एक नोटिस के अनुसार, दिल्ली डिवीजन के वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक (सीनियर डीओएम जी) का पद एनआर मुख्यालय में स्थानांतरित कर दिया गया और इसे डिप्टी सीओएम (एफओआईएस) एनआर के रूप में पुनः नामित किया गया।

दिल्ली मंडल में यात्री सेवाओं के लिए वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक (सीनियर डीसीएम) के पद से हटाए गए दूसरे अधिकारी आनंद मोहन को कोचिंग के उप मुख्य परिचालन प्रबंधक (डिप्टी सीओएम चग) के पद पर नियुक्त किया गया है।

अन्य दो अधिकारियों - मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) सुखविंदर सिंह और अतिरिक्त मंडल रेल प्रबंधक (एडीआरएम) विक्रम सिंह राणा - को अभी नयी तैनाती नहीं मिली है।

पांचवें अधिकारी महेश चंद सैनी, जो नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर रेलवे सुरक्षा बल के सहायक सुरक्षा आयुक्त के पद पर तैनात थे, को उनके स्थानांतरण आदेश के तुरंत बाद कोटा भेज दिया गया।

रेलवे सूत्रों ने बताया कि जिन लोगों की लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ उनकी जवाबदेही तय करने के लिए उच्च स्तरीय जांच जारी है।

एक वरिष्ठ रेलवे अधिकारी ने कहा, ‘‘लापरवाही के दोषी अधिकारियों का तबादला भर नहीं किया जाएगा। उच्च अधिकारियों को रिपोर्ट सौंपे जाने के बाद सख्त कार्रवाई की जाएगी।’’

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