मुंबई, 24 सितंबर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) ने कृषि और श्रम सुधार विधेयकों के पारित होने पर बृहस्पतिवार को केन्द्र सरकार पर निशाना साधते हुए उसे ''पूंजीपतियों की सरकार'' करार दिया।
राकांपा प्रवक्ता महेश तापसे ने कहा कि विधेयक जल्दबाजी में पारित किये गए ।
उन्होंने कहा, ''केन्द्र ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वह आम जनता की नहीं बल्कि पूंजीपतियों की सरकार है।''
तापसे ने कहा, ''भाजपा सरकार कृषि और श्रम कानूनों को कमजोर करके तथा पूंजीपतियों को संरक्षण देकर देश में ईस्ट इंडिया कंपनी जैसा राज कायम करने में जुटी है।''
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उन्होंने कहा कि कृषि विधेयकों में न्यूनतम समर्थन मूल्य का कोई स्पष्ट जिक्र नहीं हैं और यही वजह है कि उत्तरी राज्यों के किसान इन विधेयकों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं।
तापसे ने कहा, ''राकांपा पूरी तरह किसानों के साथ है। राकांपा प्रमुख (शरद पवार) ने भी यही बात कही है।''
श्रम विधेयकों पर राकांपा प्रवक्ता ने कहा कि केन्द्र सरकार काम पर ''रखो और निकालो'' वाली पश्चिमी देशों की संस्कृति भारत में ला रही है।
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