नयी दिल्ली, 31 जुलाई लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सोमवार को कहा कि भारत और मलावी के बीच सौहार्दपूर्ण और मैत्रीपूर्ण संबंध रहे हैं और दोनों देशों के बीच बहुआयामी सहयोग के लिए दोनों संसदों में परस्पर संवाद आवश्यक हैं।
लोकसभा अध्यक्ष ने मलावी की नेशनल असेंबली की स्पीकर कैथरीन गोटानी हारा के नेतृत्व में भारत यात्रा पर आए संसदीय प्रतिनिमंडल का संसद भवन में स्वागत करते हुए यह बात कही।
लोकसभा सचिवालय के बयान के अनुसार, बिरला ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और राष्ट्रपति लजारस मैकार्थी चकवेरा के नेतृत्व में दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंध और मजबूत हुए हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘ भारत और मलावी के बीच सौहार्दपूर्ण और मैत्रीपूर्ण संबंध रहे हैं और दोनों देशों के बीच बहुआयामी सहयोग के लिए दोनों संसदों में परस्पर संवाद आवश्यक है।’’
मलावी में जून, 2020 में राष्ट्रपति के निर्वाचन के बाद सत्ता के शांतिपूर्ण हस्तांतरण की सराहना करते हुए बिरला ने आशा व्यक्त की कि इससे मलावी में संवैधानिक संस्थाएं और मजबूत होंगी तथा लोकतंत्र और सशक्त होगा।
उन्होंने कहा कि दोनों देश लोकतान्त्रिक मूल्यों और आदर्शों में विश्वास रखते हैं तथा इनकी संसदें नागरिकों की आशाओं और आकांक्षाओं का प्रतिनिधित्व करती है।
उन्होंने कहा कि दोनों देशों की संसदों के बीच चर्चा-संवाद को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।
लोकसभा अध्यक्ष बिरला ने मलावी में चक्रवात फ्रेडी से हुए नुकसान के लिए भारत की संसद, सरकार और जनता की ओर से संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि संकट की इस घड़ी में भारत मलावी के साथ खड़ा है।
बयान के अनुसार, दोनों नेताओं ने कहा कि 'भारत और मलावी आपदा प्रबंधन में अच्छी पहल और रणनीतियों संबंधी जानकारी साझा करें।
दीपक
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