नयी दिल्ली, एक जून मैक्स इंडिया ने सोमवार को कहा कि राष्ट्रीय कंपनी कानून न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने मैक्स इंडिया की स्वास्थ्य सेवा परिसंपत्तियों को मैक्स हेल्थकेयर के साथ विलय करने और कंपनी के शेष बचे कारोबार को उसके अलग कर एडवेटा के साथ मिलाने की योजना को मंजूरी दे दी।
मैक्स इंडिया ने एक वक्तव्य में कहा है, ‘‘कंपनी की इस समग्र योजना को एक जुन 2020 से प्रभावी घोषित कर दिया गया है। इसके साथ ही कंपनी हिस्से के अलग होने की रिकार्ड तिथि 15 जून 2020 तय की गई है।’’
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इसमें कहा गया है कि मैक्स इंडिया के सभी शेयरधारकों को रिकार्ड तिथि को मैक्स हेल्थकेयर और एडवेटा अलायड हेल्थ सविर्सिज के शेयर आवंटित कर दिये जायेंगे। इस कंपनी का नाम बाद में मैक्स इंडिया लिमिटेड किया जायेगा।
मैक्स इंडिया ने कहा, ‘‘मैक्स हेल्थकेयर और नई ‘मैक्स इंडिया’ दोनों अगस्त 2020 तक भारतीय शेयर बाजारों में सूचीबद्ध होंगी।’’
इसके साथ ही व्यापक बदलाव वाली इस योजना में बड़ी प्रगति की उम्मीद है। इस योजना में एक के बाद एक कई सौदे हुये हैं। इनमें रेडिएंट हेल्थकेयर संपत्तियों को अलग कर उन्हें मैक्स हेल्थकेयर में शामिल किया गया।
मैक्स इंडिया ने कहा, ‘‘रेडिएंट और मेक्स हेल्थकेयर के मिलने से देश में राजस्व के लिहाज से दूसरा सबसे बड़े अस्पताल नेटवर्क खड़ा होगा। विलय के बाद बनने वाली कंपनी के देशभर में 3,500 बिस्तरों वाले 17 अस्पतालों और चिकित्सा केन्द्रों का परिचालन होगा। ’’
इसमें कहा गया है कि इस संयुक्त व्यवसायिक इकाई से व्यवसाय में बेहतर मेलमिलाप और वृद्धि की उल्लेखनीय संभावनायें उपलबध होंगी।
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