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जरुरी जानकारी | शादी-ब्याह, जाड़े की मांग बढ़ने से सभी तेल-तिलहनों में सुधार

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. देश में शादी-विवाह तथा जाड़े के मौसम की मांग बढ़ने के कारण देशभर के तेल-तिलहन बाजारों में शनिवार को सरसों, सोयाबीन, मूंगफली, बिनौला, सीपीओ और पामोलीन तेल-तिलहन कीमतें सुधार का रुख दर्शाती बंद हुईं। बाकी तेल-तिलहन के भाव अपरिवर्तित रहे।

जरुरी जानकारी | शादी-ब्याह, जाड़े की मांग बढ़ने से सभी तेल-तिलहनों में सुधार

नयी दिल्ली, 20 नवंबर देश में शादी-विवाह तथा जाड़े के मौसम की मांग बढ़ने के कारण देशभर के तेल-तिलहन बाजारों में शनिवार को सरसों, सोयाबीन, मूंगफली, बिनौला, सीपीओ और पामोलीन तेल-तिलहन कीमतें सुधार का रुख दर्शाती बंद हुईं। बाकी तेल-तिलहन के भाव अपरिवर्तित रहे।

बाजार सूत्रों ने कहा कि 1-20 नवंबर के दौरान मलेशिया के निर्यात में 18.2 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। मलेशिया के निर्यात में पर्याप्त वृद्धि तथा शादी विवाह के मौसम की मांग के कारण यहां सीपीओ और पामोलीन तेल की कीमतों में सुधार दर्ज हुआ। जाड़े के मौसम में सोयाबीन, बिनौला और सरसों जैसे हल्के तेलों की मांग बढ़ती है।

उन्होंने कहा कि स्थानीय पाल्ट्री वालों की सोयाबीन के तेल रहित खल (डीओसी) की मांग बढ़ने तथा किसानों के द्वारा कम भाव पर बिक्री से बचने के कारण सोयाबीन तेल तिलहन की कीमतों में भी सुधार आया। कम भाव पर बिक्री से बचने तथा मूंगफली के डीओसी की मांग बढ़ने से मूंगफली तेल तिलहन कीमतों में भी सुधार आया।

सरसों के बारे में सूत्रों ने बताया कि सरसों की कम उपलब्धता के कारण सरसों की खपत 60 प्रतिशत रह गई है। उन्होंने कहा कि मांग के मुकाबले सरसों की उपलब्धता 25 प्रतिशत ही रह गई है। सरसों की अगली परिपक्व फसल आने में तीन साढ़े तीन माह की देर है। इस बीच कोटा में ब्रांडेड तेल कंपनियों की मांग बढ़ने के बाद सरसों तेल का भाव 181.50 रुपये प्रति किलो (अधिभार सहित) हो गया।

सूत्रों ने कहा कि आगे से सरकार को सरसों का 8-10 लाख टन का स्थायी रूप से स्टॉक रखना चाहिये और गरीब उपभोक्ताओं के लिए सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के जरिये सरसों तेल की आपूर्ति करनी चाहिये। इसके अलावा इस तेल के वायदा कारोबार पर प्रतिबंध जारी रखना चाहिये क्योंकि बाकी तेलों का तो आयात किया जा सकता है पर सरसों का कोई विकल्प नहीं है।

उन्होंने कहा कि हल्के तेलों की मांग बढ़ने से बिनौला तेल के भाव भी लाभ के साथ बंद हुए।

बाकी तेल-तिलहनों के भाव अपरिवर्तित रहे।

बाजार में थोक भाव इस प्रकार रहे- (भाव- रुपये प्रति क्विंटल)

सरसों तिलहन - 9,070 - 9,100 (42 प्रतिशत कंडीशन का भाव) रुपये।

मूंगफली - 6,100 - 6,185 रुपये।

मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात)- 13,500 रुपये।

मूंगफली साल्वेंट रिफाइंड तेल 1,975 - 2,100 रुपये प्रति टिन।

सरसों तेल दादरी- 17,870 रुपये प्रति क्विंटल।

सरसों पक्की घानी- 2,760 -2,785 रुपये प्रति टिन।

सरसों कच्ची घानी- 2,840 - 2,950 रुपये प्रति टिन।

तिल तेल मिल डिलिवरी - 16,700 - 18,200 रुपये।

सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 13,650 रुपये।

सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 13,230 रुपये।

सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 12,050

सीपीओ एक्स-कांडला- 11,500 रुपये।

बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 12,560 रुपये।

पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 13,010 रुपये।

पामोलिन एक्स- कांडला- 11,850 (बिना जीएसटी के)।

सोयाबीन दाना 6,250 - 6,300, सोयाबीन लूज 6,175 - 6,225 रुपये।

मक्का खल (सरिस्का) 3,825 रुपये।

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(The above story first appeared on LatestLY on Nov 20, 2021 04:46 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).