संगरूर, 22 मई पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने स्वर्ण मंदिर में होने वाली गुरबाणी के प्रसारण का अधिकार केवल बादल परिवार के टीवी चैनल को देने के लिए शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (एसजीपीसी) के प्रमुख हरजिंदर सिंह धामी पर निशाना साधा और कहा कि धामी अकाली दल परिवार के हाथों की कठपुतली की तरह काम कर रहे हैं।
एक दिन पहले धामी ने मुख्यमंत्री को प्रसारण को लेकर अनावश्यक विवाद पैदा करने से बचने को कहा था।
मुख्यमंत्री ने स्वर्ण मंदिर में होने वाली गुरबाणी प्रसारित करने का अधिकार एक टीवी चैनल को देने की रविवार को आलोचना की थी। उन्होंने सभी चैनलों पर इसके प्रसारण के लिए सभी खर्चों का भुगतान करने की पेशकश की थी।
मान ने सोमवार को संगरूर में दिरबा और चीमा में तहसील परिसरों की आधारशिला रखने के बाद एक सभा को संबोधित करते हुए फिर से इस मुद्दे को उठाया।
उन्होंने पूछा, "बादलों के चैनल 'गुरबाणी' का प्रसारण क्यों कर रहे हैं?"
आम आदमी पार्टी (आप) के नेता मान ने कहा कि धामी ने उनसे कहा है कि उन्हें धार्मिक मामलों में हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए।
मान ने कहा, "अगर कोई बादल के चैनल को गुरबाणी के प्रसारण पर रोक लगाने की बात करता है तो इसे धार्मिक मामलों में हस्तक्षेप माना जाता है और अगर एसजीपीसी प्रमुख धामी जालंधर (लोकसभा) चुनाव में शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के उम्मीदवार के लिए वोट मांगते हैं, तो यह है एक व्यक्तिगत निर्णय कहा जाता है।" उन्होंने कहा, "एसजीपीसी प्रमुख को बादलों से पूछकर इसका जवाब देना चाहिए। मुझे पता है कि आप उनसे सभी निर्देश लेते हैं।"
मान ने कहा कि अगर 'सरबत का भला' का सार्वभौमिक संदेश 'सरब संजी गुरबाणी' के जरिए दुनिया भर में फैलाया जाता है तो एसजीपीसी अध्यक्ष को क्या आपत्ति है।
मान ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि एसजीपीसी "बादल परिवार के हाथों की कठपुतली की तरह काम कर रही है और वे अपने राजनीतिक मंसूबों को पूरा करने के लिए इसका इस्तेमाल कर रहे हैं।"
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