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MP: स्कूली छात्राओं से छेड़छाड़ के मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में पुलिस अधिकारी निलंबित

मध्य प्रदेश के डिंडोरी जिले के एक स्कूल में कुछ लड़कियों के साथ कथित छेड़छाड़ के मामले में ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में एक पुलिस अधिकारी को निलंबित कर दिया गया है.

MP: स्कूली छात्राओं से छेड़छाड़ के मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में पुलिस अधिकारी निलंबित
निलंबित (Photo Credits: pixabay)

डिंडोरी (मप्र), 8 मार्च : मध्य प्रदेश के डिंडोरी जिले के एक स्कूल में कुछ लड़कियों के साथ कथित छेड़छाड़ के मामले में ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में एक पुलिस अधिकारी को निलंबित कर दिया गया है. जिला मुख्यालय से करीब 60 किलोमीटर दूर कुछ छात्राओं द्वारा मारपीट और छेड़छाड़ की शिकायत पर जुनवानी के स्कूल के एक पादरी, एक नन, प्रधानाध्यापक और एक अतिथि शिक्षक के खिलाफ चार मार्च को मामला दर्ज कर प्रिंसिपल को गिरफ्तार किया गया था. स्कूल रोमन कैथोलिक समुदाय के जबलपुर डायोकेसन एजुकेशन सोसाइटी द्वारा चलाया जाता है. राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) के अध्यक्ष प्रियंक कानूनगो ने मंगलवार को छात्राओं और अधिकारियों से मुलाकात की. बैठक के बाद डिंडोरी के पुलिस अधीक्षक संजय सिंह ने बताया कि आरोपित प्रधानाध्यापक के खिलाफ अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति अधिनियम नहीं लगाने और आरोपी उसे रिहा करने पर समनापुर थाना प्रभारी विजय पाटले को निलंबित कर दिया गया है.

अपने आधिकारिक हैंडल से सिलसिलेवार ट्वीट कर कानूनगो ने कहा कि जिस संगठन में बच्चों का कथित रूप से यौन शोषण किया गया, वह सरकार से धन प्राप्त कर रहा था. उन्होंने कहा कि एक ही परिसर में चार अलग-अलग छात्रावासों के नाम पर सरकारी पैसा लिया जा रहा था और बच्चों से फीस भी वसूली जा रही थी. उन्होंने दावा किया कि संस्थान में "धर्मांतरण के साक्ष्य" भी मिले हैं. कोतवाली थाना के प्रभारी सीके सिरामे ने कहा कि पुलिस ने गोंडवाना गणतंत्र पार्टी (जीजीपी) के 10 नेताओं के खिलाफ एक लोक सेवक को उसके कर्तव्य के निर्वहन में बाधा डालने का भी मामला दर्ज किया है.

एनसीपीसीआर के अध्यक्ष ने कहा कि राधेश्याम काकोदिया सहित जीजीपी नेताओं ने सरकार द्वारा चलाए जा रहे वन स्टॉप सेंटर पर जहां लड़कियों को रखा गया था, पर हंगामा किया, तथा थाने का घेराव किया. लड़कियों का नाम सार्वजनिक करने और उनका चरित्र हनन करने के अलावा वे आरोपी को भी ले गए. यह भी पढ़ें : नवीकरणीय ऊर्जा सब्सिडी और कोयले पर अधिक शुल्क के कारण भारत में कम होगा उत्सर्जन: अध्ययन

कानूनगो ने कहा कि जिला प्रशासन ने दो खंड शिक्षा अधिकारियों के निलंबन की प्रक्रिया शुरू कर दी है, जबकि अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट (एडीएम) "वित्तीय घोटाले" की जांच करेंगे. इससे पहले एसपी ने जानकारी दी थी कि 40 वर्षीय प्रिंसिपल और 35 वर्षीय अतिथि शिक्षक के खिलाफ चार मार्च की रात भारतीय दंड संहिता की धारा 354 (महिला के सम्मान को चोट पहुंचाने के इरादे से उस पर हमला या आपराधिक बल प्रयोग), यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम और किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया. एसपी ने बताया कि स्कूल के ‘केयरटेकर’ 40 वर्षीय पादरी पर लड़कियों की शिकायतों को नजरअंदाज करने का मामला दर्ज किया गया है जबकि नन (55) पर लड़कियों की पिटाई का आरोप लगाया गया है. अभी केवल प्रधानाध्यापक को गिरफ्तार किया जा सका है.

(The above story first appeared on LatestLY on Mar 08, 2023 02:48 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).