देश की खबरें | एलजी ने सरकारी शिक्षकों को प्रशिक्षण के लिये फिनलैंड भेजने के प्रस्ताव को खारिज नहीं किया : राजनिवास

नयी दिल्ली, 13 जनवरी उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने फिनलैंड में दिल्ली सरकार के शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम के प्रस्ताव को खारिज नहीं किया है और इसके विपरीत कोई भी बयान “भ्रामक और शरारतपूर्ण” है। राजनिवास की तरफ से शुक्रवार को यह बात कही गई।

उपराज्यपाल ने केवल दिल्ली सरकार को प्रस्ताव का समग्रता से मूल्यांकन करने और अतीत में किए गए ऐसे विदेशी प्रशिक्षण कार्यक्रमों की प्रभावशीलता का आकलन करने की सलाह दी है।

इससे एक दिन पहले, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने आरोप लगाया था कि उपराज्यपाल ने दिल्ली के सरकारी स्कूल के 30 शिक्षकों के प्रशिक्षण के प्रस्ताव को यह कहते हुए “खारिज” कर दिया है कि प्रशिक्षण भारत में ही किया जा सकता है।

राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद(एससीईआरटी),दिल्ली ने राज्य सरकार के स्कूलों के प्राथमिक प्रभारियों और एससीईआरटी के शिक्षकों के प्रशिक्षकों के लिए फिनलैंड की ज्यावस्कीला विश्वविद्यालय में पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए एक प्रस्ताव तैयार किया था।

राजनिवास ने कई ट्वीट कर के कहा, “एलजी ने फिनलैंड में प्राथमिक प्रभारियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम के प्रस्ताव को खारिज नहीं किया है। इसके विपरीत कोई भी बयान भ्रामक और शरारतपूर्ण है।”

उसने कहा, “सरकार को सलाह दी गई है कि प्रस्ताव का समग्र रूप से मूल्यांकन करें और लागत-लाभ विश्लेषण को मूर्त रूप में दर्ज करें, ताकि अतीत में किए गए शिक्षकों के लिए विभिन्न विदेशी प्रशिक्षण कार्यक्रमों की प्रभावशीलता का आकलन किया जा सके।”

सक्सेना ने सरकार को भारतीय संस्थानों में इसी तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रमों की पहचान करने की सलाह दी है।

राजनिवास ने कहा, “एलजी ने देश के भीतर उत्कृष्ट संस्थानों में समान प्रशिक्षण कार्यक्रमों की जांच और पहचान करने की भी सलाह दी है, ताकि संसाधनों का इष्टतम उपयोग, राजकोषीय विवेक और प्रशासनिक प्रभावशीलता सुनिश्चित की जा सके।”

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