देश की खबरें | अधिक जांच के लिए केंद्र के अधीन लैब सुविधाएं हमें दी जा रहीं : जैन

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. कोरोना वायरस संक्रमण के लिए अधिक से अधिक जांच करने की दिल्ली की तैयारी के बीच स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने सोमवार को कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में केंद्र के तहत आने वाली प्रयोगशालाओं की सुविधाएं शहर की सरकार को दी जा रही हैं।

जियो

नयी दिल्ली, 15 जून कोरोना वायरस संक्रमण के लिए अधिक से अधिक जांच करने की दिल्ली की तैयारी के बीच स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने सोमवार को कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में केंद्र के तहत आने वाली प्रयोगशालाओं की सुविधाएं शहर की सरकार को दी जा रही हैं।

संवाददाताओं से बातचीत में उन्होंने कहा कि दिल्ली “पहले भी अधिकतम जांच” कर रही थी और अपने पास उपलब्ध संसाधनों के हिसाब से आगे भी ज्यादा से ज्यादा जांच जारी रखेगी।

यह भी पढ़े | Gaurav Taneja, Pilot and FlyingBeast Youtuber: एयर एशिया द्वारा नौकरी से निकाले गए पायलट गौरव तनेजा ने अपने यूट्यूब चैनल FlyingBeast पर रखा अपना पक्ष, खड़े किए कई सवाल.

उन्होंने कहा, “जहां तक जांच क्षमता बढ़ाने की बात है, दिल्ली में ज्यादातर लैब सुविधाएं केंद्र के तहत आती हैं, इसलिए वे हमें दी जा रही हैं।”

दिल्ली सरकार ने कोविड-19 की जांच के लिए 42 प्रयोगशालाओं को निर्धारित किया है।

यह भी पढ़े | कोविड-19 के मुंबई के धारावी में 25 नए मामले पाए गए: 15 जून 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

केंद्रीय मंत्री अमित शाह के साथ रविवार को हुई उच्च स्तरीय बैठक के बारे में उन्होंने कहा कि बैठक “काफी सार्थक” थी।

जैन ने कहा, “इसका मुख्य परिणाम यह निकला कि केंद्र और दिल्ली सरकार राष्ट्रीय राजधानी में कोविड-19 के खिलाफ जंग में साथ काम करेगी।”

यह बैठक शहर में कोरोना वायरस के मामलों में अचानक हुई वृद्धि को लेकर हुई थी और इसमें उपराज्यपाल अनिल बैजल और मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल शामिल हुए थे।

अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली में रविवार को ऐक दिन में सबसे ज्यादा 2,224 मामले सामने आए थे जिसके बाद शहर में कोविड-19 के मामले 41,000 के पार चले गए और मृतक संख्या बढ़कर 1,327 हो गई।

जैन से जब पूछा गया कि छोटे नर्सिंग होम्स में कोविड-19 बेड लगाने का फैसला वापस क्यों ले लिया गया तो उन्होंने कहा, “हमने शुरुआत में सोचा था कि इससे कोविड-19 मरीजों के लिए निर्धारित बेड बढ़ जाएंगे। लेकिन डेंगू और मलेरिया का मौसम आ रहा है और इनमें से कई नर्सिंग होम घनी आबादी वाले क्षेत्रों में स्थित है इसलिए हमने फैसला वापस ले लिया।”

मॉनसून से पहले पीडब्ल्यूडी की तैयार पर उन्होंने कहा कि नालों से गाद निकाल दिया गया है।

कोविड-19 मरीजों के इलाज के लिए ज्यादा बेड लगाने के लिए और संपत्तियों के अधिग्रहण पर जैन ने कहा कि ट्रेन, बैंक्वेट हॉल और अन्य संपत्तियों को अस्पताल के विस्तार के तौर पर इस्तेमाल किया जाएगा जहां कम गंभीर मरीजों का इलाज होगा और ज्यादा गंभीर स्थिति वाले मरीजों का इलाज अस्पताल में होगा।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\