विदेश की खबरें | कुवैत ने 2015 के विस्फोट मामले के दोषी सहित पांच कैदियों को फांसी दी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. मस्जिद में हुए हमले में 27 लोग मारे गए थे और इस्लामिक स्टेट समूह ने इस धमाके की जिम्मेदारी ली थी।

श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

मस्जिद में हुए हमले में 27 लोग मारे गए थे और इस्लामिक स्टेट समूह ने इस धमाके की जिम्मेदारी ली थी।

कुवैत के लोक अभियोजक ने एक बयान में कहा कि पांचों कैदियों को सेंट्रल जेल में फांसी दी गई।

अभियोजकों ने कहा कि जिन लोगों को फांसी दी गई है, उसमें एक 2015 में मस्जिद पर हमले के मामले में दोषी था, जबकि तीन हत्या और एक मादक पदार्थ मामले का दोषी था।

अभियोजक द्वारा जारी बयान में कहा गया कि हत्या के मामले में एक दोषी मिस्र और दूसरा कुवैत का नागरिक था। वहीं मादक पदार्थ तस्कर श्रीलंका का नागरिक था।

बयान में तीसरे हत्यारे और मस्जिद पर हमला करने वाले दोषी कैदियों की राष्ट्रीयता का जिक्र नहीं किया गया। बयान के मुताबिक दोनों अवैध तरीके से कुवैत में रह रहे थे।

वर्ष 2015 में कुवैत की सबसे पुरानी शिया मस्जिदों में से एक के अंदर शुक्रवार को दोपहर की नमाज के दौरान बम विस्फोट हुआ था। इस बम विस्फोट में 27 लोग मारे गए थे। यह कुवैत में पिछले दो दशकों में पहला आतंकवादी हमला था, जिसकी जिम्मेदारी इस्लामिक स्टेट समूह ने ली थी।

कुवैत सरकार ने इससे पहले पिछले साल नवंबर 2022 में आखिरी बार सात कैदियों को सामूहिक फांसी दी थी। वहीं, 2017 में भी शासक परिवार के एक सदस्य सहित सात कैदियों को फांसी दी गई थी।

एपी साजन पवनेश

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