देश की खबरें | कोविड-19 : केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने इंदौर में लोकार्पित किया सुपर स्पेशलिटी अस्पताल

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. देश में कोविड-19 से सबसे ज्यादा प्रभावित जिलों में शामिल इंदौर में 237 करोड़ रुपये की लागत से बने सुपर स्पेशलिटी अस्पताल की शुक्रवार से औपचारिक शुरूआत हो गयी।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

इंदौर (मध्यप्रदेश), 28 अगस्त देश में कोविड-19 से सबसे ज्यादा प्रभावित जिलों में शामिल इंदौर में 237 करोड़ रुपये की लागत से बने सुपर स्पेशलिटी अस्पताल की शुक्रवार से औपचारिक शुरूआत हो गयी।

केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने इस अत्याधुनिक अस्पताल को पहले चरण में महामारी के मरीजों के इलाज के लिये वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिये लोकार्पित किया।

यह भी पढ़े | Sudarshan TV ‘Bindas Bol’ Programme: सुप्रीम कोर्ट ने सुदर्शन टीवी के ‘बिंदास बोल’ कार्यक्रम पर प्रसारण से पहले रोक लगाने सेस किया इनकार.

अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के तहत विकसित इस अस्पताल में किडनी, हृदय, पेट, मस्तिष्क और अन्य अंगों की बीमारियों का इलाज किया जा सकेगा। अस्पताल में प्लास्टिक सर्जरी और अंग प्रत्यारोपण की सुविधा भी होगी। यह अस्पताल राज्य सरकार के महात्मा गांधी स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय से जुड़ा है।

बहरहाल, कोविड-19 के जारी प्रकोप के मद्देनजर राज्य सरकार से चर्चा के बाद इस अस्पताल को फिलहाल महामारी के मरीजों के इलाज के लिये शुरू किया गया है।

यह भी पढ़े | CM Captain Amarinder Singh: पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने खुद को 7 दिन के लिए किया सेल्फ-क्‍वारंटीन.

अधिकारियों के मुताबिक अत्याधुनिक सुविधाओं वाला यह अस्पताल 10 ऑपरेशन थियेटरों, सुपर स्पेशलिटी वॉर्डों के 327 बिस्तरों और आईसीयू के 92 बिस्तरों से लैस है। इसमें उच्च स्तरीय विशेषज्ञता से जुड़े अलग-अलग चिकित्सा पाठ्यक्रमों के कुल 58 विद्यार्थियों को प्रशिक्षित किया जा सकता है।

लोकार्पण समारोह स्थल पर प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान उपस्थित थे। उन्होंने सूबे में चिकित्सा सुविधाओं में इजाफे के लिये केंद्र सरकार का शुक्रिया अदा किया।

इस मौके पर हर्षवर्धन ने पूर्व प्रधानमंत्री अटलबिहारी वाजपेयी की देश भर में छह नये एम्स स्थापित करने और चिकित्सा संस्थानों के उन्नयन की परिकल्पना को याद किया।

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2014 से इस परिकल्पना को नयी ऊर्जा के साथ अमलीजामा पहनाये जाने के कारण देश में स्थापित किये जाने वाले नये एम्स की तादाद बढ़कर 22 हो चुकी है। इसके साथ ही, 75 सुपर स्पेशलिटी अस्पताल बनाने की योजना पर भी तेजी से काम जारी है।

उन्होंने बताया कि हाल ही में स्वतंत्रता दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री द्वारा घोषित "राष्ट्रीय डिजिटल स्वास्थ्य अभियान" छह केंद्रशासित प्रदेशों में शुरू किया गया है।

हर्षवर्धन ने कहा, "इस अभियान को अगले तीन से छह महीने के भीतर देश के अन्य सूबों में भी शुरू किया जायेगा। इसके लिये बड़े प्रदेशों को अभी से तैयारियां शुरू करनी पड़ेगी।"

उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ने मध्यप्रदेश में पिछले छह साल में 14 नये चिकित्सा महाविद्यालयों को हरी झंडी दिखायी है। राजगढ़, मंडला, मंदसौर, नीमच, श्योपुर और सिंगरौली जिलों में भी छह चिकित्सा महाविद्यालय शुरू होने हैं।

हर्षवर्धन ने यह भी बताया कि कोविड-19 के खिलाफ जारी लड़ाई में मध्यप्रदेश को केंद्र की ओर से 13.99 लाख एन-95 मास्क, 7.97 लाख पीपीई किट, 679 वेंटिलेटर आदि उपकरण प्रदान किये गये हैं।

हर्ष

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\