विदेश की खबरें | कोविड-19 : संरा ने वेसाक उत्सव के मौके पर बुद्ध के एकजुटता एवं दूसरों की सेवा के संदेश पर दिया जोर
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने भगवान बुद्ध के एकजुटता और दूसरों की सेवा के संदेश पर जोर देते हुए कहा कि केवल वैश्विक सहयोग से ही सभी देश कोविड-19 से उत्पन्न आर्थिक एवं सामाजिक प्रभावों का मुकाबला कर सकते हैं।
संयुक्त राष्ट्र, तीन जुलाई संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने भगवान बुद्ध के एकजुटता और दूसरों की सेवा के संदेश पर जोर देते हुए कहा कि केवल वैश्विक सहयोग से ही सभी देश कोविड-19 से उत्पन्न आर्थिक एवं सामाजिक प्रभावों का मुकाबला कर सकते हैं।
अंतरराष्ट्रीय वेसाक दिवस के विलंबित उत्सव को लेकर आयोजित कार्यक्रम में महासचिव ने यह बयान दिया। कोविड-19 महामारी के कारण मई में इस उत्सव को स्थगित कर दिया गया था। इसे भगवान बुद्ध के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है।
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इस ऑनलाइन कार्यक्रम में गुतारेस ने बृहस्पतिवार को कहा कि बुद्ध की शिक्षाएं लोगों और देशों को एकता का स्मरण करा सकती है, जिसकी कोविड-19 के कारण पेश हो रही समस्याओं से निपटने के लिए जरूरत है।
उन्होंने बुद्ध के ‘‘ क्योंकि सभी जीवित लोग बीमार हैं, मैं भी’’ सूत्र का जिक्र करते हुए कहा कि यह एकता और दूसरों की सेवा का संदेश आज की स्थिति में सबसे महत्वपूर्ण हो गया है।
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उन्होंने कहा, ‘‘ हमारी ऊर्जा और विशेषज्ञता के संयोजन से ही आज दुनिया के समक्ष मौजूद अति संवेदनशील स्थिति का सामना किया जा सकता है। केवल वैश्विक सहयोग से ही कोविड-19 से उत्पन्न आर्थिक एवं सामाजिक समस्याओं से निपटा जा सकता है। ’’
संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने कहा कि यह केवल सामाजिक संबंध मजबूत करके ही ‘‘ हम इससे उबर पाएंगे, स्वस्थ होंगे और अधिक समावेशी, टिकाऊ, लचीले और एक समान विश्व का निर्माण कर पाएंगे।’’
श्रीलंका और थाइलैंड द्वारा आयोजित डिजिटल समारोह में संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि टी. एस. तिरुमूर्ति ने कहा, ‘‘अब हमें, बौद्ध धर्म के चार महान सत्य को याद करना चाहिए, जो हमें दुक्का या दुख के चक्र को समाप्त करना सिखाते हैं। जैसा कि बुद्ध ने कहा है कि ‘‘ कोई ओर नहीं बल्कि हम ही खुद को बचा सकते है।’’
तिरुमूर्ति ने बुद्ध के मूल्यों को अपनाने के महत्व पर प्रकाश डाला।
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