देश की खबरें | कोविड-19 : दिल्ली में एक हफ्ते में नये मामलों का औसत घटा, अगस्त के आरंभ में तेजी से बढ़ने की चेतावनी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली में पिछले एक हफ्ते में कोविड-19 के प्रतिदिन के नये औसत मामलों में कमी दर्ज किये जाने के बीच विशेषज्ञों ने दावा किया है कि शहर में अगस्त के आरंभ में संक्रमण के मामले अपनी चरम सीमा को भी पार कर सकते हैं।
नयी दिल्ली, चार जुलाई दिल्ली में पिछले एक हफ्ते में कोविड-19 के प्रतिदिन के नये औसत मामलों में कमी दर्ज किये जाने के बीच विशेषज्ञों ने दावा किया है कि शहर में अगस्त के आरंभ में संक्रमण के मामले अपनी चरम सीमा को भी पार कर सकते हैं।
बहरहाल, उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि सामाजिक दूरी और स्वच्छता के नियमों का लोग पालन नहीं करते हैं तो फिर से मामले तेजी से बढ़ सकते हैं।
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उल्लेखनीय है कि 23 जून को दिल्ली में कोविड-19 के सर्वाधिक 3,947 मामले सामने आये थे।
शहर में 26 जून तक लगातार 3,000 से अधिक मामले सामने आये। 26 जून को 3,460 नये मामले सामने आये थे।
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वहीं, 27 जून से तीन जुलाई तक नये मामलों का औसत 2,494 था जबकि यह इसके हफ्ता भर पहले प्रतिदिन औसत 3,446 था।
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), दिल्ली के निदेशक रणदीप गुलेरिया ने कहा, ‘‘यदि दिल्ली में (कोविड-19 के) मामलों की संख्या अगले कुछ हफ्तों में स्थिर रहती है या इसमें कमी आती है तो, ... तथा इसका घटना सतत रूप से जारी रहता है, तब हम कह सकते हैं कि हम अगस्त में चरम सीमा को पार करेंगे। ’’
उन्होंने कहा कि लेकिन यह सिर्फ तभी होगा जब हम सामाजिक दूरी के नियमों का पालन करना जारी रखेंगे, बताये गये एहतियात बरतेंगे तथा लॉकडाउन की पाबंदियों में छूट दिये जाने के बावजूद पूरी सावधानी बरतेंगे।
डॉ गुलेरिया ने कहा, ‘‘कुछ शहरों में मामलों के बढ़ने की प्रवृत्ति में कमी आई है, लेकिन जब लॉकडाउन हट जाएगा तब लोग नियमों का पालन नहीं करेंगे और इसके चलते मामले तेज गति से बढ़ेंगे। इसलिए, आत्मसंतुष्ट होने की कोई गुंजाइश नहीं है। किसी की ओर से कहीं भी यदि चूक होगी तो इससे मामले तेजी से बढ़ेंगे। ’’
अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली में शुक्रवार को कोविड-19 के 2,520 नये मामले सामने आये, जिससे शहर में संक्रमण के कुल मामले बढ़ कर 94,000 पहुंच गये, जबकि इस महामारी से मरने वाले लोगों की संख्या बढ़ कर 2,923 हो गई है।
हालांकि, पिछले कुछ दिनों में नये मामलों की संख्या में उतार-चढ़ाव आ रहा है और आंकड़ों में कोई खास रूझान नहीं प्रदर्शित हो रहा है।
फोर्टिस हॉस्पिटल, शालीमार बाग, के श्वसन रोग एवं अनिद्रा विकार विभाग के निदेशक एवं प्रमुख डॉ विकास मौर्या ने कहा कि दिल्ली में मामले पहले के अनुमान के मुताबिक नहीं बढ़े हैं, इसलिए यह अगस्त में चरम सीमा को पार कर सकती है।
उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन एक बार फिर से कहना चाहूंगा कि यह अनूठा वायरस है और हम इसकी गतिविधियों के बारे में नहीं जानते। इसलिए हम नहीं जानते कि यह कैसा व्यवहार करेगा। बहरहाल, कोई महामारी साल भर या इससे कुछ अधिक समय तक रहती है, इसलिए एक समाज के तौर पर हमें अवश्य ही तैयार रहना चाहिए। ’’
हालांकि, मौर्या ने चेतावनी दी कि शहर में अगस्त या सितंबर में कोविड-19 महामारी के प्रकोप का दूसरा चरण देखने को मिल सकता है।
मौर्या ने कहा, ‘‘हम सिर्फ यह चीज कर सकते हैं कि सामाजिक दूरी, स्वच्छता और सरकारी अधिकारियों द्वारा निर्धारित अन्य नियमों का पालन कर संक्रमण के मामलों में कमी सुनिश्चित हो। अन्यथा, हमारी अब तक सभी उपलब्धियों पर पानी फिर जाएगा और हम मामलों को फिर से तेज गति से बढ़ते देखेंगे। ’’
उन्होंने दलील दी कि पिछले एक हफ्ते में पॉजिटिविटी दर कम हुई है और अस्पतालों में बिस्तर खाली पड़े हैं।
स्वास्थ्य बुलेटिन के मुताबिक, शहर में कोविड-19 के 65,624 मरीज संक्रमण मुक्त हो चुके हैं, 26,148 मरीज इलाजरत हैं और अब तक 5,96,695 नमूनों की जांच की गई है।
शहर में शुक्रवार को निषिद्ध क्षेत्रों की संख्या 445 थी।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jul 04, 2020 08:32 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

