देश की खबरें | केरल में डॉक्टर ने वरिष्ठ डॉक्टर पर चार साल पहले यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगाया, जांच के आदेश
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. केरल में एक युवा डॉक्टर ने यहां जनरल अस्पताल के एक वरिष्ठ डॉक्टर पर आरोप लगाया है कि उन्होंने चार साल पहले अपने निजी परामर्श कक्ष में पीड़िता को जबरदस्ती गले लगाया और माथा चूमा था।
कोच्चि, एक सितंबर केरल में एक युवा डॉक्टर ने यहां जनरल अस्पताल के एक वरिष्ठ डॉक्टर पर आरोप लगाया है कि उन्होंने चार साल पहले अपने निजी परामर्श कक्ष में पीड़िता को जबरदस्ती गले लगाया और माथा चूमा था।
पीड़िता ने फेसबुक पर एक पोस्ट में यह आरोप लगाए जिसके बाद राज्य की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने शुक्रवार को शिकायत की जांच के आदेश दिए। कथित घटना फरवरी 2019 में हुई थी।
मंत्री ने एक बयान में कहा कि उन्होंने स्वास्थ्य सेवा निदेशक को मामले की जांच करने और यौन शोषण की घटना की सूचना पुलिस को देने का निर्देश दिया है।
फेसबुक पोस्ट में डॉक्टर ने दावा किया कि मेडिसिन विभाग के तत्कालीन प्रमुख ने अस्पताल क्वार्टर के बाहर अपने निजी परामर्श कक्ष में उन पर ‘‘यौन हमला’’ किया था। यह डॉक्टर वर्तमान में विदेश में कार्यरत है। पीड़िता ने कहा कि वह उस समय एक प्रशिक्षु थी और एक वरिष्ठ डॉक्टर के खिलाफ आधिकारिक शिकायत करने के लिए उसने प्रयास किये थे।
पीड़िता ने लिखा, ‘‘मैं अकेली थी क्योंकि शाम के सात बज रहे थे और मैं वापस जाने के लिए तैयार हो रही थी। उसने मुझे गले लगाया और मेरे चेहरे पर चूमा। मैं सहम गई और खुद को दूर खींच लिया।’’
उन्होंने कहा, ‘‘ मैंने अगले दिन उच्च अधिकारियों से शिकायत की। शुरुआत में कोई कार्रवाई नहीं की गई। मेरा प्रशिक्षण जारी था और मैंने आगे कोई शिकायत नहीं की क्योंकि वह एक वरिष्ठ अधिकारी था और उसके पास मेरी इंटर्नशिप प्रमाणन प्रक्रिया को बाधित करने की शक्ति थी। मैं डर गई थी।’’
पीड़िता ने कहा कि वरिष्ठ डॉक्टर को हाल ही में दूसरे अस्पताल में स्थानांतरित कर दिया गया और उनकी पदोन्नति रोकने के अलावा उनके खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई नहीं की गई।
युवा डॉक्टर ने कहा कि इस मुद्दे पर खुलकर बात करने में उन्हें कई साल लग गए।
मंत्री वीना जॉर्ज ने फेसबुक पोस्ट पर संज्ञान लिया और आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया।
मंत्री के कार्यालय ने एक बयान में कहा कि स्वास्थ्य विभाग यह भी जांच करेगा कि क्या 2019 में घटना को दबाने का कोई प्रयास किया गया था। स्वास्थ्य विभाग की सतर्कता शाखा भी मामले की जांच करेगी।
पुलिस ने कहा कि शिकायत मिलने पर वे जांच शुरू करेंगे।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)