एजेंसी न्यूज

देश की खबरें | केजरीवाल ने कृषि विधेयक पर की सरकार की आलोचना

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि “खतरनाक” कृषि विधेयकों को राज्यसभा में बिना मत विभाजन के पारित कराया गया।

देश की खबरें | केजरीवाल ने कृषि विधेयक पर की सरकार की आलोचना
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 22 सितंबर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि “खतरनाक” कृषि विधेयकों को राज्यसभा में बिना मत विभाजन के पारित कराया गया।

इसके साथ ही केजरीवाल ने आठ निलंबित सांसदों की सराहना की।

यह भी पढ़े | UP shocker: यूपी में COVID-19 का टारगेट पूरा करने को डॉक्टर ने 15 बार दिया अपना ही नमूना.

संसद के उच्च सदन में कृषि विधेयक पारित होने के दौरान “बदसलूकी” करने के लिए आम आदमी पार्टी के संजय सिंह समेत राज्यसभा के आठ सदस्यों को मानसून सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित कर दिया गया था।

सिंह के अलावा, तृणमूल के डेरेक ओ ब्रायन, कांग्रेस के राजीव सातव, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के ए करीम और के के रागेश, कांग्रेस के सय्यद नजीर हुसैन और रिपुन बोरेन तथा तृणमूल की डोला सेन को निलंबित किया गया था।

यह भी पढ़े | Bihar Assembly Elections 2020: बिहार का वो गठबंधन जो सीमांचल में बदल सकता है सियासी समीकरण, BJP-JDU की हो सकती है चांदी.

केजरीवाल ने कहा कि यह आठ सांसद, संसद परिसर में गर्मी, मच्छर और अन्य असुविधाओं की परवाह न करते हुए किसानों के हक के लिए लड़ रहे हैं।

केजरीवाल ने ट्वीट किया, “वे अपने लिए कुछ नहीं मांग रहे। वो जनतंत्र और संविधान के लिए लड़ रहे हैं। वे देश के किसानों के लिए संघर्षरत हैं।”

उन्होंने कहा कि देशभर के किसान कह रहे हैं कि ये कानून उन्हें खत्म कर देगा।

केजरीवाल ने ट्वीट किया, “इतने ख़तरनाक क़ानूनों को बिना वोटिंग करवाए संसद से पास घोषित कर दिया? फिर संसद का क्या मतलब, चुनावों का क्या मतलब?अगर इसी तरह क़ानून पास करवाने हैं तो संसद सत्र क्यों बुलाते हो?”

दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने वर्तमान सरकार की तुलना अंग्रेजों से की।

उन्होंने ट्वीट किया, “अंग्रेज हुकूमत ऐसे ही चलाते थे- भारत के आम किसान-मजदूरों व व्यापारियों पर जुल्म करते थे। उनके खिलाफ काले कानून बनाते थे ताकि और जुल्म कर सकें। फिर जब गांधी जी या अन्य नेता उनसे मिलते थे तो चाय भी पिलाते थे। हमारे हुक्मरान आज भी उसी अंग्रेजी अन्दाज में सरकार चला रहे हैं।”

सिसोदिया ने राज्यसभा के उप सभापति हरिवंश सिंह की ओर इशारा किया जो धरना दे रहे सांसदों के लिए सुबह चाय लेकर गए थे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरिवंश के आचरण की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनका व्यवहार “प्रेरक” और एक “राजनेता” जैसा है और इससे लोकतंत्र से प्रेम करने वाला प्रत्येक व्यक्ति गर्व की अनुभूति करेगा।

मोदी के ट्वीट का जवाब देते हुए संजय सिंह ने कहा कि उन्होंने शालीनता से चाय लौटा दी और सरकार से अनुरोध किया कि वह किसानों का निवाला लौटा दे।

सिंह ने ट्वीट किया, “हम अपनी चाय के लिए नहीं लड़ रहे। हम अपने किसानों के निवाले के लिए लड़ रहे हैं, जो आपने छीना है। मेरी आपसे विनम्र विनती है - मैं आपकी चाय पूरे आदर के साथ लौटा रहा हूँ, आप कृपया मेरे किसानों का निवाला लौटा दीजिए।”

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

(The above story first appeared on LatestLY on Sep 22, 2020 03:03 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).