देश की खबरें | केजरीवाल ने सर्दियों में वायु प्रदूषण से निपटने के लिए 10 सूत्री कार्रवाई योजना की घोषणा की
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण से निपटने के लिए दस सूत्री ‘‘शीत कार्रवाई योजना’’ की सोमवार को घोषणा की, जिसमें धूल को नियंत्रित करना, पूसा के जैव अपघटक का इस्तेमाल, स्मॉग टावर लगाना और कचरा जलाने एवं वाहनों से उत्सर्जन पर लगाम लगाना जैसे उपाय शामिल हैं।
नयी दिल्ली, चार अक्टूबर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण से निपटने के लिए दस सूत्री ‘‘शीत कार्रवाई योजना’’ की सोमवार को घोषणा की, जिसमें धूल को नियंत्रित करना, पूसा के जैव अपघटक का इस्तेमाल, स्मॉग टावर लगाना और कचरा जलाने एवं वाहनों से उत्सर्जन पर लगाम लगाना जैसे उपाय शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने पड़ोसी राज्यों को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में नयी प्रौद्योगिकी वाले थर्मल बिजली संयंत्र लगाने, सीएनजी से चलने वाले वाहन और इलाके के उद्योगों में स्वच्छ ऊर्जा सुनिश्चित करने की भी अपील की।
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि केन्द्र और पड़ोसी राज्यों ने किसानों द्वारा पराली जलाए जाने को रोकने के लिए कुछ नहीं किया जिससे सर्दी के मौसम में वायु प्रदूषण बढ़ेगा। उन्होंने पड़ोसी राज्यों की सरकारों से वायु को स्वच्छ बनाने के लिए मिलकर काम करने की अपील की।
केजरीवाल ने केन्द्र और दिल्ली के पड़ोसी राज्यों से कटाई के बाद बचे पुआल के प्रबंधन के लिए जैव अपघटक का नि:शुल्क छिड़काव सुनिश्चित करने की अपील की, जैसा उनकी सरकार राष्ट्रीय राजधानी में कर रही है।
उन्होंने कहा, ‘‘दिल्ली सरकार ने पराली जलाने की समस्या का समाधान पेश किया है और वह है पूसा जैव अपघटक। हम उम्मीद करते हैं कि इसका जितना संभव हो सके उतना इस्तेमाल किया जाएगा।’’
केजरीवाल ने बताया कि दिल्ली सरकार ने दिल्ली में धूल से होने वाले प्रदूषण को रोकने के लिए निर्माण स्थलों की निगरानी के वास्ते 75 दलों का गठन किया है। उन्होंने बताया कि शहर में कचरा जलाने पर पूरी तरह से रोक का पालन कराने के लिए 250 दल गठित किए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘हमने पटाखों की बिक्री और खरीद पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया हुआ है। स्मॉग टावर (कनॉट प्लेस) के अब तक अच्छे परिणाम सामने आए हैं। हम इसके कामकाज पर नजर रखेंगे और इसके बाद दिल्ली में अन्य स्थानों पर इस तरह के और टावर स्थापित करने पर विचार करेंगे।’’
उन्होंने कहा कि वाहनों से होने वाले प्रदूषण को कम करने के लिए चिह्नित 64 मार्गों पर यातायात जाम की समस्या को दूर करने के प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र की जांच करने के लिए 500 टीमों का गठन किया गया है।
साथ ही उन्होंने कहा कि ‘हरित वॉर रूम’ को मजबूत बनाना और जागरुकता अभियान शीत कार्रवाई योजना का हिस्सा होंगे।
दिल्ली ने पिछले साल प्रदूषण विरोधी प्रयासों की निगरानी और समन्वय के लिए 'ग्रीन वॉर रूम' और प्रदूषण उत्पन्न करने वाली गतिविधियों से संबंधित शिकायतों का प्रभावी ढंग से समाधान करने के लिए "ग्रीन दिल्ली" एप्लिकेशन शुरू किया था।
उन्होंने कहा, ‘‘हमें ऐप पर 23,000 शिकायतें मिलीं। उनमें से 93 प्रतिशत का समाधान किया गया है।’’
केजरीवाल ने कहा कि ई-कचरे के प्रबंधन के लिए देश का पहला इको-पार्क दिल्ली में स्थापित किया जा रहा है।
प्रदूषण कम करने के बारे में मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में डीज़ल वाले जनरेटर का उपयोग रोकने के लिए चौबीसों घंटे बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि दिल्ली में फिलहाल वायु प्रदूषण नियंत्रण में है, लेकिन सर्दी के मौसम में पड़ोसी राज्यों में पराली जलने के साथ ही प्रदूषण बढ़ना शुरू हो जाएगा।
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(The above story first appeared on LatestLY on Oct 04, 2021 08:13 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

