जरुरी जानकारी | गो फर्स्ट मामले की सुनवाई से न्यायाधीश ने किया खुद को अलग
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. दिल्ली उच्च न्यायालय की एक न्यायाधीश ने गो फर्स्ट को पट्टे पर विमान मुहैया कराने वाली कंपनियों की तरफ से दायर अर्जियों पर सुनवाई से खुद को अलग कर लिया है।
नयी दिल्ली, 25 मई दिल्ली उच्च न्यायालय की एक न्यायाधीश ने गो फर्स्ट को पट्टे पर विमान मुहैया कराने वाली कंपनियों की तरफ से दायर अर्जियों पर सुनवाई से खुद को अलग कर लिया है।
न्यायमूर्ति प्रतिभा एम सिंह ने बृहस्पतिवार को कोई कारण बताए बगैर इन याचिकाओं की सुनवाई से खुद को अलग करने की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस मामले को अब मुख्य न्यायाधीश के आदेश पर शुक्रवार को किसी अन्य न्यायाधीश के समक्ष सुनवाई के लिए रखा जाए।
गो फर्स्ट के खिलाफ दिवाला प्रक्रिया शुरू होने के बाद एयरलाइन को किराये पर विमान देने वाली कंपनियों ने अपने विमानों की संबद्धता खत्म करने की अपील की है। उन्होंने याचिका दायर कर संबंधित अधिकारियों को विमान लौटाने का निर्देश देने का अनुरोध किया है।
याचिका दायर करने वाली कंपनियों में एसिपिटर इन्वेस्टमेंट्स एयरक्राफ्ट, ईओए एविएशन, पेम्ब्रोक एयरक्राफ्ट लीजिंग और एसएमबीसी एविएशन शामिल हैं।
दिवाला प्रक्रिया शुरू हो जाने और संपत्तियों के हस्तांतरण पर रोक लगाए जाने से विमान मुहैया कराने वाली कंपनियों को अपने विमान वापस नहीं मिल पा रहे हैं। राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) ने भी गत 10 मई को गो फर्स्ट की दिवाला कार्यवाही को मंजूरी दे दी थी।
प्रेम
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