देश की खबरें | पत्रकार संगठन ने गिरफ्तार किए गए पत्रकार को जल्द रिहा करने का योगी से आग्रह किया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. प्रमुख पत्रकार संगठन ने उत्तर प्रदेश पुलिस के हाथरस जा रहे एक वरिष्ठ पत्रकार को रास्ते में ही गिरफ्तार करने का दावा करते हुए उन्हें जल्द से जल्द रिहा करने की मांग की।
तिरुवनंतपुरम, छह अक्टूबर प्रमुख पत्रकार संगठन ने उत्तर प्रदेश पुलिस के हाथरस जा रहे एक वरिष्ठ पत्रकार को रास्ते में ही गिरफ्तार करने का दावा करते हुए उन्हें जल्द से जल्द रिहा करने की मांग की।
‘केरल यूनियन ऑफ वर्किंग जर्नलिस्ट्स’ (केयूडब्ल्यूजे) की दिल्ली इकाई ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से कहा कि सिद्दीक कप्पन पत्रकार संगठन के सचिव हैं और एक रिपोर्टर के तौर पर अपना काम करने की कोशिश कर रहे थे।
आदित्यनाथ को भेजे इस पत्र पर केयूडब्ल्यूजे की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष मिजी जोस ने हस्ताक्षर किए हैं।
पत्र में कहा गया कि वह हाथरस जिले में 19 वर्षीय दलित युवती से कथित बलात्कार और उसकी मौत के बाद की स्थिति पर समाचार देने के लिए वहां जा रहे थे।
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केयूडब्ल्यूजे ने कहा, ‘‘कई मलयालम मीडिया घरानों के लिए काम करने वाले दिल्ली के वरिष्ठ पत्रकार सोमवार सुबह हाथरस गए थे ताकि क्षेत्र की मौजूदा स्थिति पर समाचार दे सकें।’’
उत्तर प्रदेश पुलिस ने सोमवार को पापुलर फ्रंट आफ इंडिया (पीएफआई) एवं उसके सहयोगी संगठन कैंपस फ्रंट ऑफ इंडिया (सीएफआई) से कथित संबंध के मामले में चार लोगों को मथुरा से गिरफ्तार किया था। ये लोग दिल्ली से हाथरस जा रहे थे।
इनकी पहचान अतीक-उर-रहमान, मल्लपुरम के निवासी सिद्दीक, बहराइच जिले के जरवल का निवासी मसूद अहमद और रामपुर जिले की कोतवाली क्षेत्र के रहने वाले आलम के तौर पर हुई है।
केयूडब्ल्यूजे ने कहा, ‘‘ हमें लगता है कि कप्पन को उत्तर प्रदेश पुलिस ने हाथरस टोल प्लाजा पर हिरासत में लिया। हमने और दिल्ली के कुछ वकीलों ने उनसे सम्पर्क करने की कोशिश की, लेकिन कोई सफल नहीं हो पाया।’’
उसने कहा कि हाथरस पुलिस थाने और राज्य पुलिस ने भी अभी तक कप्पन को हिरासत में लेने से जुड़ी कोई जानकारी मुहैया नहीं कराई है।
केयूडब्ल्यूजे ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री से अपील की, ‘‘ कप्पन एक रिपोर्टर के तौर पर अपना काम करने की कोशिश कर रहे थे। हम आपसे उन्हें जल्द से जल्द रिहा करने की अपील करते हैं।’’
उत्तर प्रदेश के हाथरस जिले में 14 सितम्बर को 19 साल की दलित युवती के साथ कथित तौर से सामूहिक बलात्कार किया गया, जिसके करीब एक पखवाड़े बाद उसने दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में दम तोड़ दिया था। कथित तौर पर माता-पिता की राजामंदी के बगैर देर रात उसका अंतिम संस्कार कर दिए जाने से मामला और बिगड़ गया।
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