देश की खबरें | जदयू ने देश में ‘‘अघोषित आपातकाल’’ का आरोप लगाया, नीतीश ने विपक्ष की एकता का आह्वान किया

पटना, तीन सितंबर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का मुकाबले करने के लिए विपक्षी एकता का शनिवार को आह्वान करते हुए कहा कि राजनीतिक दलों को उन लोगों के कल्याण के लिए अपने मतभेदों को दफनाने की जरूरत है, जो ‘‘विकल्प’’ की तलाश में हैं।

जदता दल यूनाइटेड (जदयू) सूत्रों ने बताया कि दल के शीर्ष नेता कुमार ने पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी को संबोधित करते हुए कहा कि उनका एकमात्र लक्ष्य विपक्षी दलों को एकजुट करना है।

पार्टी ने बाद में उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर विपक्ष के बीच एकता स्थापित करने का काम करने के लिए अधिकृत किया।

बैठक में एक प्रस्ताव भी पारित किया गया, जिसमें आरोप लगाया गया कि भाजपा सरकार के कार्यकाल के दौरान देश में एक ‘‘अघोषित आपातकाल’’ है और यह सरकार विभिन्न जांच एजेंसी का ‘‘दुरुपयोग’’ करके विपक्ष की आवाज को ‘‘चुप’’ कराने की कोशिश कर रही है।

पार्टी ने आरोप लगाया कि केंद्र की भाजपा सरकार असहमति के लोकतांत्रिक अधिकार को ‘‘राजद्रोह’’ करार दे रही है।

प्रस्ताव में कहा गया है कि देश भाजपा के विकल्प की तलाश कर रहा है और सभी विपक्षी दलों से अपने मतभेदों को भुलाकर एकजुट होने की जरूरत है।

जदयू ने भाजपा पर देश में ‘‘सांप्रदायिक उन्माद’’ भड़काने का भी आरोप लगाया। उसने कहा, ‘‘अल्पसंख्यकों को निशाना बनाया जा रहा है। समाज में असहिष्णुता और उग्रवाद बढ़ा है। दलितों और आदिवासियों को परेशान किया जा रहा है।’’

भाजपा से हाल में नाता तोड़कर बिहार में राष्ट्रीय जनता दल और कांग्रेस सहित सात दलों के साथ मिलकर नई महागठबंधन सरकार बनाने वाली जदयू ने दिल्ली और झारखंड सहित कई राज्यों में गैर-भाजपा सरकारों को ‘‘अस्थिर’’ करने के लिए केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा पर पर निशाना साधा। बैठक में दो प्रस्ताव पारित किए गए।

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