विदेश की खबरें | आईएसआईएस का वित्तीय संसाधन जुटाना और अधिक मजबूत हो गया है: जयशंकर

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बृहस्पतिवार को संयुक्त राष्ट्र में कहा कि आईएसआईएस का वित्तीय संसाधन जुटाना और अधिक मजबूत हो गया है। उन्होंने कहा कि खूंखार आतंकवादी समूह के लिए धन का प्रवाह जारी है और हत्याओं के लिए पुरस्कार अब बिटकॉइन में भी दिए जा रहे हैं।

संयुक्त राष्ट्र, 19 अगस्त विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बृहस्पतिवार को संयुक्त राष्ट्र में कहा कि आईएसआईएस का वित्तीय संसाधन जुटाना और अधिक मजबूत हो गया है। उन्होंने कहा कि खूंखार आतंकवादी समूह के लिए धन का प्रवाह जारी है और हत्याओं के लिए पुरस्कार अब बिटकॉइन में भी दिए जा रहे हैं।

जयशंकर ‘आतंकवादी गतिविधियों के कारण अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा को उत्पन्न खतरा’ विषय पर सुरक्षा राष्ट्र सुरक्षा परिषद में चर्चा की अध्यक्षता कर रहे थे। जयशंकर ने कहा कि महासचिव की ताजा रिपोर्ट ने स्मरण कराया है कि आईएसआईएस अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बना हुआ है।

उन्होंने कहा, ‘‘आईएसआईएल (दाएश) सीरिया और इराक में सक्रिय है और इसके सहयोगी ताकत में बढ़ रहे हैं, खासकर अफ्रीका में। आईएसआईएल (दाएश) का वित्तीय संसाधन जुटाना और अधिक मजबूत हो गया है। धन का प्रवाह जारी है और हत्याओं के लिए पुरस्कार अब बिटकॉइन में भी दिए जा रहे हैं!’’

जयशंकर ने कहा कि व्यवस्थित ऑनलाइन प्रचार अभियानों द्वारा युवाओं का कट्टरपंथीकरण गंभीर चिंता का विषय बना हुआ है। उन्होंने कहा कि आईएसआईएस के तौर-तरीकों में बदलाव आया है, जिसमें मुख्य रूप से सीरिया और इराक में जमीन हासिल करने और स्वतंत्र रूप से काम करने वाले सहयोगियों पर ध्यान केंद्रित किया गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘यह उभरती हुई स्थिति बेहद खतरनाक है और आईएसआईएल और आतंकवाद के खिलाफ हमारी लड़ाई में हमारे सामूहिक प्रयासों के लिए एक नई चुनौती है।’’ उन्होंने चेताया, ‘‘हमें हमेशा याद रखना चाहिए कि जो कोविड के बारे में सच है वह आतंकवाद के बारे में और भी सच है: हम में से कोई भी तब तक सुरक्षित नहीं है जब तक हम सभी सुरक्षित नहीं हैं।’’

जयशंकर ने आतंकवाद के अभिशाप को सामूहिक रूप से खत्म करने के लिए आठ सूत्रीय कार्य योजना की रूपरेखा तैयार की जिसमें राजनीतिक इच्छाशक्ति का आह्वान और आतंकवाद को न्यायोचित या महिमामंडित करने से बचना शामिल है। उन्होंने कहा, ‘‘कोई दोहरा मापदंड नहीं। आतंकवादी आतंकवादी हैं।’’

उन्होंने कहा कि संगठित अपराध से जुड़ाव को पहचानें। उन्होंने कहा, ‘‘वित्तीय कार्रवाई कार्यबल (एफएटीएफ) का समर्थन और उसे मजबूत करना जारी रखें और आतंकवाद विरोधी संयुक्त राष्ट्र कार्यालय को अधिक से अधिक धन प्रदान किया जाये।” जयशंकर ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद से इन सिद्धांतों पर सामूहिक रूप से चलने का आह्वान किया।

विदेश मंत्री ने कहा कि भारत वैश्विक आतंकवाद विरोधी प्रयासों में आगे रहा है, अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद के खिलाफ सभी प्रमुख वैश्विक पहलों में भाग लिया है और आतंकवाद से संबंधित संयुक्त राष्ट्र के सभी क्षेत्रीय सम्मेलनों का एक पक्ष है।

उन्होंने कहा, ‘‘हम पिछले महीने अपनाई गई वैश्विक आतंकवाद विरोधी रणनीति को मजबूत करने में अपनी भूमिका निभा रहे हैं। हम संयुक्त राष्ट्र के तत्वावधान में आतंकवाद विरोधी सहयोग के लिए अपना पूर्ण समर्थन दोहराते हैं।’’

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