जरुरी जानकारी | अव्यवहार्य बिजली क्षेत्र में नहीं आएगा निवेश: आर के सिंह

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नयी दिल्ली, 14 दिसंबर बिजली मंत्री आर के सिंह ने सोमवार को सरकारी बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) के लगातार घाटे में बने रहने पर चिंता जताते हुए कहा कि व्यवस्था को व्यावहारिक बनाए बिना बिजली क्षेत्र में निवेश नहीं आएगा।

उन्होंने उद्योग संगठन फिक्की के वार्षिक अधिवेशन में कहा, ‘‘जब तक व्यवस्था व्यावहारिक नहीं होगी, जब तक पैसा लगाने वाले लोगों को यह भरोसा नहीं दिया जाता कि जो बिजली वे उत्पादित करते हैं और बेचते हैं, उसके लिए भुगतान किया जाएगा, तब तक निवेश नहीं आएगा।’’

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सिंह का यह बयान इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि भारत को उच्च आर्थिक वृद्धि दर की ओर बढ़ने के लिए एक सक्षम बिजली क्षेत्र की जरूरत है।

मंत्री ने आगे कहा, ‘‘मैं (डिस्कॉम की) स्थिरता के बारे में चिंतित हूं, क्योंकि बड़ी संख्या में डिस्कॉम घाटे में चल रहे हैं। अधिकांश राज्य के स्वामित्व वाले डिस्कॉम घाटे में हैं। कोई भी निजी स्वामित्व वाला डिस्कॉम घाटे में नहीं है।’’

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उन्होंने आगे कहा कि डिस्कॉम बिजली उत्पादन कंपनियों को भुगतान करने मे सक्षम नहीं हैं, क्योंकि वे घाटे में हैं। इससे ऊपर की ओर भी दबाव बढ़ रहा है और निवेश में कमी आ रही है।

सिंह ने कहा कि डिस्कॉम के घाटे की प्रमुख वजह बिलिंग और संग्रह में अक्षमता है और यदि इसे ठीक कर लिया जाए तो डिस्कॉम मुनाफे में होंगे।

उन्होंने कहा कि वह राज्यों से प्रीपेड मीटरिंग सिस्टम को अपनाने के लिए कह रहे हैं, ताकि बिलिंग और संग्रह से मानव हस्तक्षेप को हटा दिया जाए।

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