जरुरी जानकारी | एच-1बी वीजा पर रोक से नवोन्मेष, विदेशी निवेश को चोट पहुंचेगी: अमेरिकी कॉरपोरेट जगत

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. अमेरिका कॉरपोरट जगत का मानना है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सरकार के एच-1बी वीजा पर अस्थायी रोक से नवोन्मेष, निवेश और विदेशों में आर्थिक गतिविधियों को चोट पहु्ंचेगी। इतना ही नहीं यह वृद्धि की रफ्तार को कम करेगा और इससे रोजगार सृजन भी कम होगा।

वाशिंगटन, 23 जून अमेरिका कॉरपोरट जगत का मानना है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सरकार के एच-1बी वीजा पर अस्थायी रोक से नवोन्मेष, निवेश और विदेशों में आर्थिक गतिविधियों को चोट पहु्ंचेगी। इतना ही नहीं यह वृद्धि की रफ्तार को कम करेगा और इससे रोजगार सृजन भी कम होगा।

अमेरिका चैंबर्स ऑफ कॉमर्स के मुख्य कार्यकारी अधिकारी थॉमस डोनह्यू ने कहा, ‘‘हमारे देश की आव्रजन नीति में प्रतिबंधात्मक बदलाव करने से हमारे निवेश और विदेशों में आर्थिक गतिविधियों पर दबाव पड़ेगा। यह वृद्धि को धीमा करेगा और नौकरियों के सृजन में कमी लाएगा।’’

यह भी पढ़े | 7th Pay Commission: कोरोना संकट से अधर में लटकी सरकारी कर्मचारियों की यह मांग, जल्द फैसले की उम्मीद नहीं.

उनका यह बयान ट्रंप के एच-1बी वीजा समेत अन्य विदेशी कार्य वीजा पर इस साल के अंत तक प्रतिबंध लगाने की घोषणा के बाद आया है।

उन्होंने कहा, ‘‘ आज की घोषणा (ट्रंप की प्रतिबंध घोषणा) हमारी वैध आव्रजन प्रणाली को गंभीर संकट में डालने की कोशिश है। इंजीनियर, कार्यकारी, चिकित्सक, नर्स, सूचना प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ और अन्य कामकाजी लोगों के लिए ‘देश में आपका स्वागत नहीं’ का बोर्ड लगा देने से हमारी कोई मदद नहीं होने वाली, बल्कि यह हमें और पीछे धकेल देगा।’’

यह भी पढ़े | जम्मू-कश्मीर: पुलवामा जैसा हमला दोहराने की साजिश में जैश-ए-मोहम्मद, डीजीपी दिलबाग सिंह ने किया अहम खुलासा.

डोनह्यू ने कहा, ‘‘ हम अमेरिका में और निवेश-अधिक वृद्धि के लिए लड़ रहे हैं क्योंकि इसका मतलब है ज्यादा नौकरियां। मौजूदा समय में इस बात की और ज्यादा तत्कालिक जरूरत है। हम लंबे समय से तार्किक आव्रजन प्रणाली की बात करते रहे हैं जो हमारी आर्थिक जरूरतों और हमारे देश के मूल्यों से मेल खाती हो।’’

उन्होंने कहा कि यह घोषणा दोनों में से किसी भी हित की पूर्ति नहीं करती। राष्ट्रपति के इस तरह की घोषणा से पहले चैंबर समेत कई अन्य कारोबारी संगठन अमेरिका- भारत व्यापार परिषद, नेशनल अलायंस ऑफ मैन्युफैक्चरर्स और सूचना प्रौद्योगिकी उद्योग परिषद ने ट्रंप को पत्र लिखकर इस तरह के कदम उठाने से सावधान किया था।

फेसबुक और गूगल जैसी शीर्ष सूचना प्रौद्योगिकी कंपनियों का प्रतिनिधित्व करने वाले राजनीतिक संगठन एफडब्ल्यूडी ने कहा कि इस तरह की कार्रवाई अमेरिका के नवोन्मेष और दुनियाभर से सर्वश्रेष्ठ योग्य लोगों को देश में आमंत्रित करने की क्षमता को प्रभावित करेगी।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

India vs South Africa, T20 World Cup 2026 43rd Match Scorecard: अहमदाबाद में दक्षिण अफ्रीका ने टीम इंडिया 76 रनों से दी करारी शिकस्त, मार्को जानसन ने चटकाए 4 विकेट; यहां देखें IND बनाम SA मैच का स्कोरकार्ड

Zimbabwe vs West Indies T20 World Cup Stats: टी20 वर्ल्ड कप में एक दूसरे के खिलाफ कुछ ऐसा रहा है जिम्बाब्वे बनाम वेस्टइंडीज का प्रदर्शन, यहां देखें आंकड़े

India vs South Africa, T20 World Cup 2026 43rd Match Scorecard: अहमदाबाद में दक्षिण अफ्रीका ने टीम इंडिया के सामने रखा 188 रनों का लक्ष्य, डेविड मिलर ने खेली धमाकेदार पारी; यहां देखें पहली पारी का स्कोरकार्ड

Zimbabwe vs West Indies, T20 World Cup 2026 44th Match Date And Time: कब और कितने बजे से खेला जाएगा जिम्बाब्वे बनाम वेस्टइंडीज के बीच सुपर-8 का अहम मुकाबला? इस स्टेडियम में भिड़ेंगी दोनों टीमें, यहां जानें वेन्यू समेत मैच से जुड़ी सभी जानकारी

\