यूएई से सात मई को दो विशेष उड़ानों से भारतीयों को वापस लाया जाएगा, केरलवासियों को प्राथमिकता
सोमवार को भारत सरकार ने सात मई से विदेश में फंसे अपने नागरिकों को वापस लाने के लिए योजना की घोषणा की थी।
दुबई, पांच मई कोविड-19 वैश्विक महामारी के चलते संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए बृहस्पतिवार (सात मई) को दो विशेष उड़ानों का परिचालन किया जाएगा। इन उड़ानों में सबसे पहले केरल के आवेदकों को भेजा जाएगा क्योंकि स्वदेश वापसी के लिए पंजीकरण करवाने वालों में सबसे अधिक संख्या में इस राज्य के प्रवासी शामिल हैं। यूएई में भारत के राजदूत पवन कुमार ने यह बात कही।
सोमवार को भारत सरकार ने सात मई से विदेश में फंसे अपने नागरिकों को वापस लाने के लिए योजना की घोषणा की थी।
गल्फ न्यूज ने कपूर के हवाले से कहा, '' मिशन ने प्राथमिकता वाले यात्रियों की सूची एअर इंडिया को सौंप दी है। हम प्रत्येक यात्री को टिकट प्राप्त करने के लिए कॉल और ई-मेल के जरिए एअर इंडिया से संपर्क करने के बाबत सूचित करेंगे। राज्य से आवेदकों की सबसे अधिक संख्या होने के चलते बृहस्पतिवार की पहली दो उड़ानें केरल के लिए होंगी।''
राजदूत ने कहा कि आवेदकों की ओर से बताए गए गंतव्यों के मुताबिक लगभग दैनिक स्तर पर उड़ानों का संचालन किया जाएगा।
वहीं, कोच्चि में मंगलवार को एक रक्षा प्रवक्ता ने कहा कि नौसेना के एक जहाज को दुबई भेजा गया है। वतन वापसी के इच्छुक भारतीयों को लाने के लिए आईएनएस शरदुल को दुबई की तरफ भेजा गया है जोकि कोच्चि वापस लौटेगा।
सोमवार को जारी एक बयान में बताया गया कि अबु धाबी से कोच्चि और दुबई से कोझिकोड तक की इन दो उड़ानों के लिए यात्रियों की सूची पर अंतिम निर्णय दुबई में भारतीय दूतावास और भारतीय महावाणिज्य दूतावास लेंगे।
बयान में कहा गया कि यह सूची दूतावास या महावाणिज्य दूतवास के डेटाबेस में मौजूद पंजीकरणों के आधार पर बनाई जाएगी। इस आशय के लिए पंजीकरण की प्रक्रिया कुछ दिनों पहले शुरू की गई थी।
बयान के मुताबिक, प्राथमिकता संकट में फंसे श्रमिकों, बुजुर्गों, आवश्यक चिकित्सा मामलों, गर्भवती महिलाओं के साथ ही कठिन परिस्थिति में फंसे अन्य लोगों को दी जाएगी।
बयान में कहा गया कि हवाई टिकट केवल उन्हीं लोगों के लिए जारी किए जाएंगे जिनके नाम दूतावास या महावाणिज्य दूतावास द्वारा बनाई गई यात्री सूची में होंगे।
इसमें कहा गया कि दूतावास आने वाले दिनों में भारत जाने वाली अन्य उड़ानों के ब्योरे भी उपलब्ध कराएगा और उन विमानों में भी यात्री सूची के नामों पर अंतिम निर्णय लेने की प्रक्रिया यही रहेगी।
बयान में कहा गया कि वापस जाने के लिए करीब 2,00,000 पंजीकरण कराए गए हैं इसलिए सभी लोगों को विमानों में जगह दे पाने में समय लगेगा।
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(The above story first appeared on LatestLY on May 05, 2020 04:28 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

