जरुरी जानकारी | भारत ‘आर्थिक आजादी’ सूचकांक में एक पायदान फिसलकर 87वें स्थान पर :रिपोर्ट

नयी दिल्ली, 21 सितंबर भारत 165 देशों वाले आर्थिक आजादी सूचकांक में एक स्थान फिसलकर 87वें स्थान पर आ गया है। बृहस्पतिवार को जारी एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई।

भारत पिछले साल इस सूची में 86वें स्थान पर था।

कनाडा के फ्रेजर इंस्टिट्यूट की ‘दुनिया की आर्थिक स्वतंत्रता : 2021-वार्षिक रिपोर्ट’ दिल्ली स्थित शोध संस्थान ‘सेंटर फॉर सिविल सोसायटी’ के साथ मिलकर भारत में जारी की गई है।

इसमें कहा गया, “भारत की रेटिंग 1980 से अबतक काफी सुधर गई है। यह 4.90 से 6.62 हो गई है। हालांकि, अन्य देशों की तुलना में हमारी रैंकिंग गिर गई है। इसका मतलब है कि जहां भारत में कुल मिलाकर काफी सुधार हुआ है, लेकिन अन्य देशों की तुलना में यह कम है।’’

रिपोर्ट के अनुसार, हालांकि दक्षिण एशिया में भारत बहुत अच्छा कर रहा है।

भारत ने जहां सरकार (7.57 से 7.64) और ऋण, श्रम और व्यापार के विनियमन (5.96 से 5.98) में मामूली वृद्धि दर्ज की, वहीं कानूनी प्रणाली और संपत्ति के अधिकार (5.3 से 5.29) और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर व्यापार करने की स्वतंत्रता (6.27 से 6.19 तक) में थोड़ी गिरावट आई।

इस रेटिंग में 10 के जितना करीब स्कोर होगा, आर्थिक आजादी का स्तर उतना ही बेहतर होगा।

रिपोर्ट के अनुसार, इस रेटिंग में सबसे ऊपर सिंगापुर है। इसके बाद हांगकांग, स्विट्जरलैंड, न्यूजीलैंड, अमेरिका, आयरलैंड, डेनमार्क, ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन और कनाडा हैं।

रैंकिंग में चीन 111वें स्थान पर है। वेनेजुएला एक बार फिर अंतिम स्थान पर रहा है।

रैंकिंग में अन्य महत्वपूर्ण देशों में जापान (20वें), जर्मनी (23वें), फ्रांस (47वें) और रूस (104वें) स्थान पर हैं।

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