देश की खबरें | आईएमडी ने कच्छ और कोंकण क्षेत्रों में लू की चेतावनी वापस ली

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने सोमवार को कच्छ और कोंकण क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों पर लू की चेतावनी वापस ले ली क्योंकि समुद्री हवाओं से इन क्षेत्रों में तापमान में गिरावट आई है।

नयी दिल्ली, 20 फरवरी भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने सोमवार को कच्छ और कोंकण क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों पर लू की चेतावनी वापस ले ली क्योंकि समुद्री हवाओं से इन क्षेत्रों में तापमान में गिरावट आई है।

मौसम विभाग ने रविवार को कहा था कि कच्छ और कोंकण में अगले दो दिनों में लू चलने की संभावना है। अधिकारियों ने कहा था कि इन क्षेत्रों में लू का अलर्ट औसम समय से बहुत पहले जारी किया गया है।

आईएमडी के वरिष्ठ वैज्ञानिक नरेश कुमार ने कहा, ‘‘मजबूत पश्चिमी विक्षोभ की कमी के कारण इन क्षेत्रों में आसमान साफ है। कमजोर पश्चिमी विक्षोभ से केवल पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र, मुख्य रूप से जम्मू और कश्मीर प्रभावित हुए हैं। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में भी सामान्य से कम वर्षा के कारण तापमान अधिक है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमने इन क्षेत्रों के लिए लू की चेतावनी वापस ले ली है क्योंकि समुद्री हवा के कारण तापमान में कमी देखी जा रही है। अगले दो-तीन दिनों में अधिकतम तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने का अनुमान है।’’

आईएमडी ने सोमवार दोपहर 12 बजकर 45 मिनट पर जारी एक बयान में कहा, ‘‘अगले 24 घंटों के दौरान गुजरात के कई हिस्सों में अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस से 38 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है।’’

मौसम विभाग ने कहा कि अगले तीन दिनों में पश्चिम भारत में तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट का अनुमान है और अगले पांच दिनों में देश के बाकी हिस्सों में कोई महत्वपूर्ण बदलाव होने की संभावना नहीं है।

दिल्ली में रविवार को अधिकतम तापमान 31.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था, जो सामान्य से सात डिग्री अधिक था और दो साल में फरवरी में सबसे अधिक था।

मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को तापमान 33 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।

अगर किसी स्थान का अधिकतम तापमान मैदानी इलाकों में कम से कम 40 डिग्री सेल्सियस, तटीय क्षेत्रों में कम से कम 37 डिग्री सेल्सियस और पहाड़ी क्षेत्रों में कम से कम 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है और सामान्य से कम से कम 4.5 डिग्री सेल्सियस पर आता है तो लू की स्थिति घोषित की जाती है।

साल 1901 के बाद से पिछले साल मार्च में देश में सबसे अधिक गर्मी दर्ज की गई थी और इस कारण गेहूं की पैदावार में 2.5 प्रतिशत की गिरावट आई थी।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

GT vs MI, IPL 2026 30th Match Date And Time: कब और कितने बजे से खेला जाएगा गुजरात टाइटंस बनाम मुंबई इंडियंस के बीच रोमांचक मुकाबला? इस स्टेडियम में भिड़ेंगी दोनों टीमें, यहां जानें वेन्यू समेत मैच से जुड़ी सभी जानकारी

PBKS vs LSG, IPL 2026 29th Match Scorecard: चंडीगढ़ मुकाबले में पंजाब किंग्स ने लखनऊ सुपर जायंट्स को 54 रनों दी पटखनी, लगाया जीत का पंजा; यहां देखें मैच का स्कोरकार्ड

Will MS Dhoni Play in MI vs CSK IPL 2026 Match: मुंबई इंडियंस बनाम चेन्नई सुपरकिंग्स के मुकाबले से पहले बड़ी खबर, क्या आईपीएल 2026 में वापसी करेंगे एमएस धोनी? फिटनेस को लेकर आया अपडेट

Manipur Tension: मणिपुर में फिर बढ़ा तनाव, उखरुल में पूर्व सैनिक समेत दो की हत्या से हालात बिगड़े; संदिग्ध उग्रवादियों पर FIR दर्ज