खेल की खबरें | अगर आप प्रदर्शन नहीं करते है तो मौका नहीं मिलेगा; पवार ने जेमिमा, शिखा, पूनम को बाहर करने पर कहा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Sports at LatestLY हिन्दी. भारतीय महिला टीम के मुख्य कोच रोमेश पवार ने जेमिमा रोड्रिग्स और शिखा पांडे को एकदिवसीय विश्व कप टीम से बाहर करने के फैसले का बचाव करते हुए रविवार को कहा कि ‘अगर आप प्रदर्शन नहीं करते हैं, तो आपको मौके नहीं मिलते हैं’।

मुंबई, 23 जनवरी भारतीय महिला टीम के मुख्य कोच रोमेश पवार ने जेमिमा रोड्रिग्स और शिखा पांडे को एकदिवसीय विश्व कप टीम से बाहर करने के फैसले का बचाव करते हुए रविवार को कहा कि ‘अगर आप प्रदर्शन नहीं करते हैं, तो आपको मौके नहीं मिलते हैं’।

भारतीय टीम के न्यूजीलैंड दौरे पर रवाना होने से पहले यहां ऑनलाइन मीडिया सत्र में पवार और कप्तान मिताली राज ने टीम की तैयारियों सहित कई मुद्दों पर अपनी बात रखी।

भारतीय टीम विश्व कप से पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की एकदिवसीय श्रृंखला खेलेगी। यह श्रृंखला 11 फरवरी से शुरू होगी जबकि विश्व कप का आयोजन मार्च-अप्रैल में होगा।

पवार ने कहा कि टीम को जेमिमा, शिखा और पूनम राउत के अनुभव की कमी खलेगी लेकिन आप सभी का चयन नहीं कर सकते है।

उन्होंने कहा, ‘‘ हमारी योजना में शामिल हर खिलाड़ियों को खुद के बारे में पता है। हमें उनसे अलग तरह से संवाद करने की जरूरत नहीं है क्योंकि टीम चयन के मामले में पांच चयनकर्ता, कप्तान और कोच को फैसला करना होता है। उन्होंने सभी खिलाड़ियों के नामों पर चर्चा की है और उन 18 खिलाड़ियों को चुना है जो न्यूजीलैंड श्रृंखला और विश्व कप में बेहतर खेल सकते हैं। ’’

भारत ने इस दौरे के लिए 15 सदस्यीय टीम के साथ तीन रिजर्व खिलाड़ियों को चुना है।  अनुभवहीन तेज गेंदबाज मेघना सिंह और रेणुका सिंह के साथ बल्लेबाज यास्तिका भाटिया को ऑस्ट्रेलिया में अच्छे प्रदर्शन का फल मिला है।

पवार ने कहा, ‘‘ आप सभी को नहीं चुन सकते। केवल 15 खिलाड़ी और तीन रिजर्व को ले जा सकते है। हम रेणुका, मेघना जैसे तेज गेंदबाजों में कुछ खास देख रहे थे। वे अच्छा कर रही हैं। अगर वे अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, तो उन्हें आगामी मैचों में मौका मिल सकता है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘ बल्लेबाजी इकाई में यास्तिका, स्मृति और मिताली लगातार अच्छा कर रहे है इसलिए हमने ज्यादा बदलाव नहीं किया। जो टीम में नहीं है, वह जानता है कि वह वहां क्यों नहीं है।’’

पिछले विश्व कप में भारतीय टीम ने मिताली के नेतृत्व में ही फाइनल तक का सफर तय किया था और कप्तान ने कहा कि 2017 की तुलना में इस टीम के पास ज्यादा अनुभव है।

उन्होंने कहा, ‘‘  पिछले चार वर्षों में घरेलू क्रिकेट के स्तर में व्यापक सुधार हुआ है। मैंने कई खिलाड़ियों को शतक बनाते हुए देखा है। कई लड़कियों को विदेशों में लीग खेलने का मौका मिला है। इन चीजों से कई खिलाड़ियों को काफी अनुभव मिला है। हमारे पास अब अधिक हरफनमौला खिलाड़ी है।’’

भारतीय महिला पिछले साल ऑस्ट्रेलिया में एकदिवसीय श्रृंखला हार गयी थी लेकिन यह टीम तीन मैचों में से दो बार 250 से अधिक रन बनाने में सफल रही। मिताली ने कहा कि टीम न्यूजीलैंड में ऐसी ही निरंतरता चाहेगी, जिसके लिए शीर्ष क्रम के किसी बल्लेबाज को लंबी पारी खेलनी होगी।

उन्होंने कहा, ‘‘2017 के विश्व कप में टीम ने लगातार 250 से 270 रन बनाये थे क्योंकि शीर्ष क्रम का कोई खिलाड़ी लंबी पारी खेलता था और बाकी बल्लेबाज उसका साथ देते थे। इस बार भी कुछ ऐसा ही करने की कोशिश होगी।

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