Himachal Pradesh: भारी बारिश के कारण 53 सड़कें बंद, मौसम विभाग ने छह जिलों में 'येलो' अलर्ट जारी किया
हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश के कारण कुल 53 सड़कें बंद हो गईं और पांच बिजली आपूर्ति परियोजनाओं में उत्पादन ठप पड़ गया. राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) ने सोमवार को यह जानकारी दी.
शिमला, 16 सितंबर: हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश के कारण कुल 53 सड़कें बंद हो गईं और पांच बिजली आपूर्ति परियोजनाओं में उत्पादन ठप पड़ गया. राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) ने सोमवार को यह जानकारी दी. स्थानीय मौसम विज्ञान केंद्र ने बुधवार को राज्य के छह जिलों के अलग-अलग इलाकों में आंधी-तूफान और बिजली गिरने की आशंका जताते हुए 'येलो' अलर्ट जारी किया है.
अधिकारियों ने बताया कि दोपहर में हुए भूस्खलन के कारण सोलन जिले में कुमारहट्टी के पास चंडीगढ़ और शिमला को जोड़ने वाला राष्ट्रीय राजमार्ग-5 (हिंदुस्तान-तिब्बत मार्ग) अवरुद्ध हो गया. अधिकारियों के अनुसार, जिस समय भूस्खलन हुआ, उस समय मार्ग से कोई भी व्यक्ति या वाहन नहीं गुजर रहा था, इसलिए इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ.
कुल्लू और लाहौल-स्पीति के ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की बर्फबारी हुई, जो सर्दियों के आगमन का संकेत है. कुल्लू में मरी के निवासी खुशाल ने बताया कि बर्फबारी के बाद तापमान में गिरावट आई है. मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, पूरे राज्य में रुक-रुककर बारिश जारी रही और बिलासपुर में रविवार शाम से सबसे अधिक 100.8 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई.
वहीं, कुफरी में 35 मिलीमीटर, कसौली में 28 मिलीमीटर, नेरी में 26.5 मिलीमीटर, करसोग और गोहर में 24 मिलीमीटर, बैजनाथ में 23.2 मिलीमीटर, सुंदरनगर में 13.8 मिलीमीटर और चंबा में 11.5 मिलीमीटर पानी बरसा. एसईओसी के अनुसार, सोमवार शाम तक शिमला में 27, मंडी, कांगड़ा और कुल्लू में सात-सात, लाहौल-स्पीति में तीन तथा किन्नौर और सिरमौर में एक-एक सड़क पर यातायात अवरुद्ध था.
एसईओसी ने बताया कि बिजली आपूर्ति से जुड़ी पांच योजनाएं भी बाधित हुई हैं. हिमाचल में मानसून के आगमन के बाद से एक जून से 15 सितंबर तक 567.2 मिलीमीटर बारिश हुई है, जो 692.1 मिलीमीटर औसत वर्षा के मुकाबले 18 प्रतिशत कम है.
अधिकारियों के मुताबिक, 27 जून को मानसून की शुरुआत से लेकर सोमवार शाम तक राज्य में वर्षाजनित घटनाओं में 172 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 30 लोग अभी भी लापता हैं. उन्होंने बताया कि राज्य को 1,327 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है. मौसम विभाग ने बताया कि लाहौल-स्पीति का केलांग 6.8 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान के साथ राज्य का सबसे ठंडा, जबकि ऊना 35.2 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान के साथ सबसे गर्म स्थान रहा.
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(The above story first appeared on LatestLY on Sep 16, 2024 08:50 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

