प्रयागराज, 11 सितंबर हापुड़ जिले में अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज के मामले में राज्य सरकार द्वारा दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कोई ठोस कदम ना उठाने के मद्देनजर इलाहाबाद उच्च न्यायालय के अधिवक्ता मंगलवार को भी न्यायिक कार्य से विरत रहेंगे।
उच्च न्यायालय विधिज्ञ संघ के संयुक्त सचिव (प्रशासन) सर्वेश कुमार दुबे की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक, “सोमवार को शाम चार बजे उच्च न्यायालय विधिज्ञ संघ (हाईकोर्ट बार एसोसिएशन) की कार्यकारिणी की एक आपात बैठक, संघ के अध्यक्ष अशोक कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई।”
उन्होंने कहा कि इस बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि जनपद न्यायालय, हापुड़ में 29 अगस्त को हुई घटना के बाद राज्य सरकार द्वारा दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठाने के कारण उच्च न्यायालय के अधिवक्ता मंगलवार, 12 सितंबर को भी न्यायिक कार्य से विरत रहेंगे।
इससे पूर्व उच्च न्यायालय विधिज्ञ संघ की रविवार की रात हुई एक आपात बैठक में सोमवार को न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय किया गया था।
इसी तरह, रविवार देर रात राज्य विधिज्ञ परिषद के पदाधिकारियों और सदस्यों ने एक आपात बैठक कर 11 और 12 सितंबर को न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय किया।
राज्य विधिज्ञ परिषद के उपाध्यक्ष अनुराग पांडेय की ओर से जारी विज्ञप्ति के मुताबिक, “शासन प्रशासन द्वारा विधिज्ञ परिषद और अधिवक्ताओं की मांग पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई जिस पर आगे की रणनीति तय करने के लिए परिषद के सदस्यों की आपात बैठक 10 सितंबर को रात्रि में बुलाई गई।”
विज्ञप्ति के अनुसार, “बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 11 और 12 सितंबर को अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहेंगे और इस बीच यदि सरकार द्वारा विधिज्ञ परिषद की मांग नहीं मानी जाती है तो फिर 12 सितंबर को रात्रि आठ बजे विधिज्ञ परिषद की बैठक बुलाकर आगे की रणनीति पर विचार किया जाएगा।”
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