देश की खबरें | जल जीवन मिशन में भागीदारी के लिए सरकार ने एजीओ, संयुक्त राष्ट्र निकायों के साथ वार्ता की

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राष्ट्रीय जल जीवन मिशन ने गैर सरकारी संगठनों, संयुक्त राष्ट्र निकायों और न्यासों के साथ वार्ता कर मिशन को लागू करने में भागीदार बनने का आग्रह किया। यह जानकारी सोमवार को जल शक्ति मिशन ने दी।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, दो नवम्बर राष्ट्रीय जल जीवन मिशन ने गैर सरकारी संगठनों, संयुक्त राष्ट्र निकायों और न्यासों के साथ वार्ता कर मिशन को लागू करने में भागीदार बनने का आग्रह किया। यह जानकारी सोमवार को जल शक्ति मिशन ने दी।

नेशनल जल जीवन मिशन (एनजेजेएम) ने न्यासों, एनजीओ, संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों, आरए एंड डी संस्थानों से निविदा मांगी थी कि स्वयं सहयोग और बिना लागत के आधार पर इस महत्वाकांक्षी कार्यक्रम में भागीदार बनें।

यह भी पढ़े | पीएम मोदी ने अफगानिस्तान में काबुल यूनिवर्सिटी पर हुए आतंकी हमले की निंदा की: 2 नवंबर 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

कई संगठन जल क्षेत्र में सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं जिनका प्रभाव और पहुंच ज्यादा है।

मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा, ‘‘अतिरिक्त सचिव और एनजेजेएम के मिशन निदेशक की अध्यक्षता में इस तरह के 50 से अधिक संगठनों के साथ वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से चर्चा हुई।’’

यह भी पढ़े | Kabul University Attack: पीएम मोदी ने की काबुल हमले की निंदा, कहा- आतंक के खिलाफ संघर्ष में हम अफगानिस्तान के साथ.

उन्होंने कहा, ‘‘एनजेजेएम के साथ भागीदारी करने के इच्छुक इन संगठनों के प्रतिनिधियों ने वार्ता में हिस्सा लिया और कार्यक्रम को लागू करने में अपनी भूमिका एवं जिम्मेदारियों पर चर्चा की।’’

जल जीवन मिशन के तहत 2024 तक सभी ग्रामीण घरों में नल का पानी उपलब्ध कराने का लक्ष्य है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\