देश की खबरें | महाराष्ट्र सरकार ने कोविड के कारण विधवा हुईं महिलाओं के अधिकार संबंधी कार्यबल का दायरा बढ़ाया

मुंबई, 16 दिसंबर महाराष्ट्र सरकार ने कोविड-19 के कारण अपने पतियों को खोने वाली महिलाओं के पुनर्वास व उत्तराधिकार संबंधी अधिकारों को सुरक्षित करने के लिए गठित जिला कार्यबल के दायरे का विस्तार किया है। इसके तहत कार्यबल ऐसी महिलाओं को उचित मार्गदर्शन व कानूनी सहायता प्रदान करेगा।

राज्य की महिला एवं बाल विकास मंत्री यशोमती ठाकुर ने बृहस्पतिवार को एक बयान में कहा कि अधिकारी इस बात की भी जांच करेंगे कि ऐसी विधवाएं घरेलू हिंसा का सामना तो नहीं कर रही हैं।

मंत्री के अनुसार पिछले साल मार्च से अब तक 16,627 महिलाओं ने कोविड-19 के कारण अपने पतियों को खो दिया है। जिला कार्यबल के पास उनमें से 16,516 की सूची है।

ठाकुर ने कहा कि उनके विभाग को ऐसी विधवाओं को उनकी संपत्ति व उत्तराधिकार संबंधी अधिकारों से वंचित करने के बारे में कई शिकायतें मिली हैं। उन्होंने कहा, ''इसलिए, जिला कार्यबल को ऐसी महिलाओं को उनके अधिकारों व वित्तीय मामलों के बारे में मार्गदर्शन तथा कानूनी सहायता प्रदान करने के लिए अधिकृत करके उनका दायरा बढ़ाया जाएगा।''

ठाकुर ने कहा कि कुछ महीने पहले महाराष्ट्र सरकार द्वारा शुरू की गई ''मिशन वात्सल्य'' योजना के तहत सरकारी अधिकारियों की एक टीम को कोविड-19 से प्रभावित परिवारों से संपर्क करके यह पता लगाने के लिये कहा गया था कि क्या इन विधवाओं को उनकी संपत्ति व उत्तराधिकार संबंधी अधिकारों से वंचित किया गया है और क्या वे घरेलू हिंसा का सामना कर रही हैं।

मंत्री ने कहा कि अधिकारी जिलाधिकारी की अध्यक्षता वाले जिला कार्यबल को मासिक रिपोर्ट सौंपेंगे।

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