देश की खबरें | हरिद्वार में गंगा का 'एस्केप चैनल' का दर्जा समाप्त
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

देहरादून, दो दिसंबर उत्तराखंड सरकार ने बुधवार को हरिद्वार में हर की पौड़ी पर गंगा का 'एस्केप चैनल' का दर्जा हटा दिया ।

सरकारी सूत्रों ने यहां बताया कि इस संबंध में यहां जारी आदेश में वर्ष 2016 में निर्गत शासनादेश के उस बिंदु को हटा दिया गया है जिसमें गंगा को एस्केप चैनल का दर्जा दिया गया था ।

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यह आदेश मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की उस घोषणा के क्रम में आया है जो उन्होंने 22 नवंबर को अखाड़ा परिषद और गंगा सभा के पदाधिकारियों के साथ इस संबंध में बैठक के दौरान की थी ।

मुख्यमंत्री रावत ने कहा था कि हर की पौड़ी को एस्केप चैनल से मुक्त रखा जायेगा तथा हर की पौड़ी का अविरल गंगा का दर्जा बरकार रखा जायेगा।

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दिसंबर, 2016 में तत्कालीन हरीश रावत के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार द्वारा गंगा को एस्केप चैनल घोषित कर दिया गया था जिसका गंगा सभा और साधु—संत लंबे समय से विरोध कर रहे थे और उसका अविरल धारा का दर्जा बहाल करने की मांग कर रहे थे ।

एस्केप चैनल नदी से निकलने वाली उस नहर को कहते हैं जिसका उपयोग नदी में आए अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए किया जाता है ।

गंगा सभा के महामंत्री तन्मय वशिष्ठ ने कहा कि गंगा नदी आस्था का प्रतीक है और उसकी प्रतिष्ठा को कम करने का प्रयास स्वीकार नहीं किया जा सकता था । उन्होंने गंगा की प्रतिष्ठा बहाल करने के लिए मुख्यमंत्री रावत का आभार भी व्यक्त किया ।

स्वयं पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने भी पिछले दिनों अपनी सरकार की इस गलती को स्वीकार किया था और मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत से इसे सुधारने को कहा था ।

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