पंजाब के पूर्व डीजीपी ने अंतरिम जमानत के लिए मोहाली अदालत का दरवाजा खटखटाया
सैनी और छह अन्य के खिलाफ इस हफ्ते की शुरुआत में मोहाली थाने में मामला दर्ज किया गया था।
चंडीगढ़, आठ मई पंजाब पुलिस के पूर्व डीजीपी सुमेध सिंह सैनी ने शुक्रवार को मोहाली की एक अदालत का दरवाजा खटखटाकर अंतरिम जमानत की मांग की। 1991 में यहां एक बम हमले के बाद बलवंत सिंह मुल्तानी के लापता होने को लेकर उनके खिलाफ दर्ज शिकायत के मामले में उन्होंने अदालत से राहत देने की गुहार लगाई है।
सैनी और छह अन्य के खिलाफ इस हफ्ते की शुरुआत में मोहाली थाने में मामला दर्ज किया गया था।
सैनी ने शुक्रवार को मोहाली में अतिरिक्त जिला और सत्र न्यायाधीश हरप्रीत कौर अदालत में याचिका दायर कर मामले में गिरफ्तारी से अंतरिम राहत देने की मांग की।
मुल्तानी के भाई पलविंदर सिंह मुल्तानी के वकील प्रदीप विर्क ने कहा, ‘‘अदालत ने राज्य सरकार को नोटिस जारी किया है।’’
विर्क ने कहा कि पूर्व पुलिस महानिदेशक को अंतरिम राहत नहीं दी गई और अदालत ने सुनवाई की अगली तारीख नौ मई तय की है।
सैनी और छह अन्य पर भादंसं की धारा 364 (हत्या के लिए अपहरण), 201 (अपराध के साक्ष्य मिटाना), 344 (गलत तरीके से बंधक बनाना), 330 (जानबूझकर आहत करना) और 120 बी (आपराधिक षड्यंत्र) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
उन पर बलवंत सिंह मुल्तानी के लापता होने के सिलसिले में मामला दर्ज किया गया है जो चंडीगढ़ औद्योगिक एवं पर्यटन निगम में जूनियर इंजीनियर थे।
सैनी पर आतंकवादी हमले के बाद मोहाली निवासी बलवंत मुल्तानी को पुलिस ने उठाया था। सैनी 1991 में चंडीगढ़ के तत्कालीन पुलिस अधीक्षक थे। मुल्तानी सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी दर्शन सिंह मुल्तानी के बेटे थे।
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(The above story first appeared on LatestLY on May 08, 2020 08:39 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

