विदेश की खबरें | फ्लॉयड का परिवार पूर्व पुलिसकर्मी के खिलाफ मुकदमा और 2.7 करोड़ डॉलर के समझौते पर सहमत हुआ

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. काउंसिल के सदस्यों ने मामले में फ्लॉयड के परिवार के नागरिक अधिकार दावे का निस्तारण करने के लिए अलग बैठक की और फिर वे आमसहमति से लिये गये निर्णय के साथ इस रकम की घोषणा करने के लिए अदालत कक्ष में लौटें।

काउंसिल के सदस्यों ने मामले में फ्लॉयड के परिवार के नागरिक अधिकार दावे का निस्तारण करने के लिए अलग बैठक की और फिर वे आमसहमति से लिये गये निर्णय के साथ इस रकम की घोषणा करने के लिए अदालत कक्ष में लौटें।

गौरतलब है कि पिछले वर्ष 25 मई को एक तत्कालीन श्वेत अधिकारी डेरेक चाउविन ने लगभग नौ मिनट तक फ्लॉयड की गर्दन को अपने घुटनों से दबाए रखा था, जिसके बाद उसकी मौत हो गई थी।

फ्लॉयड के परिवार के वकील बेन क्रम्प ने इसे किसी नागरिक अधिकार दावे के लिए मुकदमा पूर्व सबसे बड़ी समझौता राशि बताया।

उन्होंने कहा, ‘‘न्याय के लिए एक लंबा सफर तय किया जाना है। यह न्याय की दिशा में उठाया गया सिर्फ एक कदम भर है। ’’

फ्लॉयड परिवार के लिए काम करने वाले एक अन्य वकील एल क्रिस स्टीवर्ट ने कहा कि समझौते की यह राशि किसी अश्वेत व्यक्ति की मौत होने पर उसके नागरिक अधिकारों के आकलन करने में बदलाव लाएगी।

फ्लॉयड की मौत के बाद मिनियापोलिस और पूरे अमेरिका में हिंसक विरोध प्रदर्शन हुए थे और ‘अश्वेत लोगों का जीवन मायने रखता है’ आंदोलन के तहत देशभर में नस्ली भेदभाव के खिलाफ आवाज उठाई गई थी।

फ्लॉयड के परिवार ने जुलाई में शहर प्रशासन, चाउविन और तीन अन्य बर्खास्त अधिकारियों के खिलाफ संघीय नागरिक अधिकार के उल्लंघन का मुकदमा दायर किया, उनकी मृत्यु के लिए चाउविन और तीन अन्य अधिकारियों पर आरोप लगाया था।

सिटी काउंसिल प्रमुख लीजा बेंडर जब संवाददाता सम्मेलन को संबोधित कर रही थीं, उस वक्त उनका गला भर आया। उन्होंने कहा, ‘‘कितनी भी रकम फ्लॉयड को वापस नहीं ला सकती हैं। ’’

उन्होंने फ्लॉयड के परिवार से कहा, ‘‘मैं आपको बस यह बताना चाहती हूं कि हमारा किस हद तक आपसे जुड़ाव है। ’’

बहरहाल, अभी यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि समझौते का असर मुकदमे पर या सुनवाई करने वाली जूरी पर किस कदर पड़ेगा।

हालांकि, क्रम्प ने कहा, ‘‘एक चीज जो हम जानते हैं, यह है कि अश्वेत लोगों के मामले में...इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि हमारे देश में किसी अश्वेत व्यक्ति की हत्या को लेकर एक पुलिस अधिकारी को दोषी करार दिया जाएगा। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘इतिहास से हमने यही जाना है। ’’

वहीं, स्टीवर्ट ने कहा कि नागरिक अधिकार मामले का मुकदमे की सुनवाई से कोई लेना देना नहीं है।

एपी

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