देश की खबरें | वक्फ कानून पर जम्मू कश्मीर विस अध्यक्ष के फैसले को फारूक का समर्थन आश्चर्यजनक नहीं : सज्जाद लोन

श्रीनगर, 14 अप्रैल पीपुल्स कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष सज्जाद लोन ने सोमवार को कहा कि वह नेशनल कॉन्फ्रेंस (नेकां) के प्रमुख फारूक अब्दुल्ला द्वारा जम्मू कश्मीर विधानसभा अध्यक्ष अब्दुल रहीम राठेर के वक्फ (संशोधन) अधिनियम पर चर्चा की अनुमति नहीं देने के फैसले का समर्थन करने से आश्चर्यचकित नहीं हैं।

उच्चतम न्यायालय में कानून को चुनौती देने की नेकां की योजना के बारे में लोन ने कहा कि हालांकि अदालत कानूनी सिद्धांतों के तहत फैसला देगी, लेकिन विधानसभा के माध्यम से जो भावनात्मक अपील की जा सकती थी, वह मौका गंवा दिया गया।

लोन ने कहा, ‘‘उनके(नेकां) पास 50 विधायक हैं और विधानसभा अध्यक्ष भी उनकी पार्टी के हैं। मैं यह समझ नहीं पा रहा हूं कि वे विधानसभा के अंदर किसके खिलाफ विरोध कर रहे थे और चिंताएं व्यक्त कर रहे थे।’’

लोन ने कहा, "और अब फारूक अब्दुल्ला विधानसभा अध्यक्ष (स्पीकर) के समर्थन में आगे आए हैं। यह एक बहुत बड़ा मजाक है।"

पूर्व मंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि वक्फ अधिनियम में विवादास्पद संशोधनों पर प्रस्ताव पारित करने या कम से कम सार्थक चर्चा करने का एक "ऐतिहासिक मौका" गंवा दिया गया।

उन्होंने कहा, "इससे देश के एकमात्र मुस्लिम बहुल प्रांत से एक शक्तिशाली संदेश जा सकता था। लेकिन ऐसा प्रतीत हुआ कि नेकां केवल चर्चा को विफल करने और दिल्ली को खुश करने के लिए खुद के ही खिलाफ लड़ रही थी।"

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