ईपीएफओ ने पिछले 15 दिनों में धन निकासी के 10.02 लाख दावों का निपटान किया
श्रम मंत्रालय के बयान के अनुसार कोरोना वायरस संकट के तहत आने वाले आवेदनों में से करीब 90 प्रतिशत दावों का निपटान तीन दिन के भीतर कर दिया गया। अंशधारकों इन पैसों को लौटाने की जरूरत नहीं है।
नयी दिल्ली, 22 अप्रैल कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) ने पिछले 15 कार्य दिवस में 10.02 लाख निकासी-दावों का निपटान किया और कुल 3,600.85 करोड़ रुपये वितरित किये। इसमें से 6.06 लाख दावों के आवेदन कोरोना वायरस संकट के तहत ईपीएफ से पैसा निकलने की मिली अनुमति के तहत दिये गये।
श्रम मंत्रालय के बयान के अनुसार कोरोना वायरस संकट के तहत आने वाले आवेदनों में से करीब 90 प्रतिशत दावों का निपटान तीन दिन के भीतर कर दिया गया। अंशधारकों इन पैसों को लौटाने की जरूरत नहीं है।
उल्लेखनीय है कि ईपीएफओ ने संकट की घड़ी में जरूरतमंद कामगारों को राहत देने के लिये तीन महीने के मूल वेतन (मूल वेतन जमा महंगाई भत्ता) के बराबर की राशि भविष्य निधि से निकालने की अनुमति दी है।
केंद्र सरकार ने कोरोना वायरस माहमारी में गरीबों और जरूरतमंदों की मदद के लिये प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना (पीएमजीकेवाई) की शुरूआत 26 मार्च को की।
इसके तहत ईपीएफ योजना से कर्मचारियों को पैसा निकालने की अनुमति देने की घोषणा की गयी। इसके लिये तत्काल अधिसूचना जारी की गयी। इसमें कर्मचारियों के कोरोना संकट से पार पाने में मदद के लिये अपने भविष्य निधि खाते में तीन महीने का मूल वेतन या ईपीएफ खाते में जमा राशि का 75 प्रतिशत, जो भी कम हो, निकालने की अनुमति दी गयी है।
बयान के अनुसार ईपीएफओ ने 10.02 लाख दावों का निपटान किया है। इसमें 6.06 लाख दावे कोरोना वायरस से जुड़े हैं। इसके तहत 3,600.85 करोड़ रुपये केवल 15 दिन में वितरित किये गये।
मंत्रालय के बयान में कहा गया है कि ‘लॉकडाउन’ (बंद) के कारण केवल एक तिहाई कर्मचारियों के काम करने के बावजूद 90 प्रतिशत कोरोना वायरस दावें का निपटान तीन कार्य दिवस में किया गया।
ईपीएफओ ने उमंग एप के जरिये भविष्य निधि से पैसा निकालने और अन्य सेवाओं के लिये ऑनलाइन सुविधा प्रदान की है।
छूट प्राप्त (निजी) पीएफ ट्रस्ट भी आगे आये हैं। ये वे कंपनियां हैं जो कर्मचारियों के भविष्य निधि खाता और पैसे का प्रबंधन स्वयं करती हैं। ऐसे में उन्हें ईपीएफओ के पास ईपीएफ रिटर्न भरने की आवश्यकता नहीं होती।
बयान के अनुसार छूट प्राप्त पीएफ न्यासों ने 17 अप्रैल पूर्वाह्न तक 40,826 भविष्य निधि सदस्यों को 68-एल के तहत कोरोना संकट की वजह से दी गयी सुविधा के अंतर्गत 481.63 करोड़ रुपये जारी किये गये।
इनमें सबसे अधिक वितरण करने वालों में एनएलसी लि., टीसीएस और विशाखापत्तनम स्टील प्लांट के पीएफ न्यास हैं।
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(The above story first appeared on LatestLY on Apr 22, 2020 08:29 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

