देश की खबरें | एल्गार मामला: एनआईए ने उच्च न्यायालय में सुधा भारद्वाज की जमानत याचिका का विरोध किया

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. एल्गार परिषद-कोरेगांव भीमा मामले में गिरफ्तार कार्यकर्ता सुधा भारद्वाज की जमानत याचिका का विरोध करते हुए राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने सोमवार को बंबई उच्च न्यायालय में कहा कि उनकी बीमारी गंभीर प्रकृति की नहीं हैं।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

मुंबई, 17 अगस्त एल्गार परिषद-कोरेगांव भीमा मामले में गिरफ्तार कार्यकर्ता सुधा भारद्वाज की जमानत याचिका का विरोध करते हुए राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने सोमवार को बंबई उच्च न्यायालय में कहा कि उनकी बीमारी गंभीर प्रकृति की नहीं हैं।

एनआईए ने यह भी कहा कि भायखला जेल के अधिकारी भारद्वाज की चिकित्सा जरूरतों को देखने के लिये सक्षम हैं।

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एनआईए और भारद्वाज के वकील की दलील सुनने के बाद अदालत ने महाराष्ट्र सरकार को निर्देश दिया कि वह कार्यकर्ता की नवीनतम स्वास्थ्य रिपोर्ट पेश करे।

एनआईए की तरफ से पेश हुए अतिरिक्त सॉलीसीटर जनरल (एएसजी) अनिल सिंह ने न्यायमूर्ति अमजद सैयद की अध्यक्षता वाली पीठ को बताया कि पूर्व में मामले की विशेषताओं के आधार पर भारद्वाज की जमानत याचिकाएं खारिज की जा चुकी हैं।

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उन्होंने कहा कि भारद्वाज (58) की जेल में उनके कोरोना वायरस से संक्रमित हो जाने की आशंका जाहिर करने के आधार पर उन्हें अदालत द्वारा जमानत नहीं दी जानी चाहिए।

भारद्वाज की वकील रागिनी आहूजा ने इससे पहले अदालत को बताया था कि कार्यकर्ता दो साल से भी ज्यादा समय से जेल में है।

आहूजा ने कहा कि भारद्वाज कई अन्य बीमारियों से भी ग्रस्त हैं जिससे उनके वायरस से संक्रमित होने का जोखिम ज्यादा है।

अदालत ने सरकार से एक हफ्ते के अंदर भारद्वाज की नवीनतम स्वास्थ्य रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा है।

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