लखीमपुर खीरी, 14 नवंबर बाघों, हिरणों, जंगली हाथियों, एक सींग वाले गैंडों और कई अन्य मांसाहारी और शाकाहारी जीवों का आदर्श आवास, दुधवा राष्ट्रीय उद्यान (डीएनपी) मंगलवार से पर्यटकों के लिए खुल जाएगा।
दुधवा टाइगर रिजर्व (डीटीआर) के क्षेत्रीय निदेशक संजय कुमार पाठक ने बताया कि दुधवा राष्ट्रीय उद्यान 15 नवंबर से पर्यटकों के स्वागत के लिए तैयार है।
उन्होंने बताया कि वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में उप्र के वन एवं पर्यावरण मंत्री डॉ. अरुण कुमार द्वारा औपचारिक उद्घाटन के बाद मंगलवार को दुधवा में पर्यटन गतिविधियां शुरू हो जाएंगी।
उन्होंने बताया दक्षिण सोनारीपुर रेंज में गैंडा (राइनो) क्षेत्र में जाने के इच्छुक पर्यटकों को उपलब्धता के अनुसार हाथी की सवारी का आनंद लेने का मौका दिया जाएगा।
पाठक ने कहा, "दुधवा राष्ट्रीय उद्यान, किशनपुर और कतर्नियाघाट वन्यजीव अभयारण्यों में आने वाले पर्यटकों को जंगल सफारी के दौरान नियमों का सख्ती से पालन करने की सलाह दी जाती है।"
उन्होंने कहा कि पर्यटकों और आगंतुकों को ऐसी किसी भी चीज से बचना चाहिए जो जंगली जानवरों को परेशान, उत्तेजित या भयभीत कर सकती हैं।
पाठक ने बताया कि दुधवा, किशनपुर या कतर्नियाघाट जंगल सफारी जाने के इच्छुक लोग उत्तर प्रदेश सरकार के पर्यटन विभाग की वेबसाइट पर जाकर या इसके मोबाइल ऐप का उपयोग करके कॉटेज बुक करा सकते हैं और अपनी यात्रा की योजना बना सकते हैं।
पाठक ने कहा कि प्रवेश शुल्क, कैमरा शुल्क, वाहन और हाथी की सवारी शुल्क, ठहरने के शुल्क आदि सभी को संशोधित किया गया है और दरों के बारे में जानकारी वेबसाइट पर उपलब्ध है।
भारत-नेपाल सीमा पर स्थित दुधवा राष्ट्रीय उद्यान हर साल पर्यटकों, वन्यजीव प्रेमियों और शोधकर्ताओं को अपने प्राकृतिक आवास, घास के मैदानों, आर्द्रभूमि और वन्यजीव प्रजातियों की विशाल आबादी से आकर्षित करता है।
सं. जफर
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