ताजा खबरें | डीआरडीओ ने देश में आठ उन्नत प्रौद्योगिकी केंद्रों की स्थापना की
Get latest articles and stories on Latest News at LatestLY. सरकार ने शनिवार को बताया कि देश के प्रतिष्ठित रक्षा शोध संस्थान रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) ने नए प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में अनुसंधान के लिए देशभर में आठ उन्नत प्रौद्योगिकी केंद्रों की स्थापना की है।
नयी दिल्ली, 19 सितंबर सरकार ने शनिवार को बताया कि देश के प्रतिष्ठित रक्षा शोध संस्थान रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) ने नए प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में अनुसंधान के लिए देशभर में आठ उन्नत प्रौद्योगिकी केंद्रों की स्थापना की है।
राज्यसभा में एक सवाल के लिखित जवाब में रक्षा राज्यमंत्री श्रीपाद नाईक ने कहा कि ये प्रौद्योगिकी केन्द्र रक्षा अनुप्रयोगों से संबंधित पहचान किए गए प्रमुख क्षेत्रों में अनुसंधान के लिए शैक्षिक संस्थानों को सहयोग प्रदान करेंगे।
यह भी पढ़े | देश की खबरें | टीआरएस कृषि विधेयकों का करेगी विरोध.
उन्होंने कहा, ‘‘डीआरडीओ ने पहचान किए गए नए प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में अनुसंधान कार्य करने के लिए पूरे भारत में आठ उन्नत प्रौद्योगिकी केंद्रों का सृजन किया है।’’
डीआरडीओ ने अगस्त महीने में काफी अरसे से लंबित बड़े सुधारों की प्रक्रिया शुरू की है ताकि यह भविष्य के लिए सेना के लिए हथियार विकसित कर सके और घरेलू रक्षा उत्पादन को मजबूत करने की सरकार की पहल का समर्थन कर सके।
यह भी पढ़े | देश की खबरें | विहिप देश के निर्माताओं से चीन से आयात होने वाली वस्तुओं का उत्पादन करने के लिये कहेगा।.
दिल्ली आईआईटी के निदेशक प्रोफेसर वी. रामगोपाल राव की अध्यक्षता में एक समिति को देश भर में डीआरडीओ प्रयोगशालाओं की क्षमता में सुधार के उपाय सुझाने के लिए नियुक्त किया गया है ताकि घरेलू रक्षा उत्पादन को बढ़ावा दिया जा सके।
देश भर में रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) की 50 से अधिक प्रयोगशालाएं हैं जो रक्षा प्रौद्योगिकियों का विकास करने में संलग्न हैं। ये प्रयोगशालाएं एयरोनॉटिक्स, हथियार, लड़ाकू वाहन, इंजीनियरिंग प्रणाली, मिसाइल, उन्नत कंप्यूटिंग और नौसेना की प्रणालियां विकसित करती हैं।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)