जरुरी जानकारी | एक हजार रुपये से कम के जूते-चप्पल पर जीएसटी घटाकर पांच प्रतिशत करने की मांग
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. व्यापारियों के संगठन कैट और इंडियन फुटवियर एसोसिएशन (आईएफए) ने बृहस्पतिवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से 1,000 रुपये से कम कीमत वाले जूता-चप्पल पर वस्तु एवं सेवाकर (जीएसटी) घटाकर पांच प्रतिशत करने का आग्रह किया है।
नयी दिल्ली, सात अप्रैल व्यापारियों के संगठन कैट और इंडियन फुटवियर एसोसिएशन (आईएफए) ने बृहस्पतिवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से 1,000 रुपये से कम कीमत वाले जूता-चप्पल पर वस्तु एवं सेवाकर (जीएसटी) घटाकर पांच प्रतिशत करने का आग्रह किया है।
एक जनवरी, 2022 से सभी जूते-चप्पल पर 12 प्रतिशत की दर से जीएसटी लगेगा, चाहे उनका मूल्य कुछ भी क्यों न हो।
दोनों संगठनों ने कहा कि देश की लगभग 85 प्रतिशत आबादी 1,000 रुपये से कम कीमत के जूते का उपयोग करती है और इसलिए जीएसटी में कोई भी वृद्धि सीधे उपभोक्ताओं को प्रभावित करेगी।
उन्होंने सीतारमण के साथ-साथ सभी राज्यों के वित्त मंत्रियों को एक प्रतिवेदन भी भेजा है।
कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) और आईएफए, दोनों ने वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल से केवल 1,000 रुपये से अधिक कीमत वाले जूते पर बीआईएस मानकों को लागू करने का भी आग्रह किया है।
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