देश की खबरें | अदालत का बादली और नरेला रेलवे स्टेशनों के बीच सभी ट्रेनों के रुकने के लिये याचिका पर सुनवाई से इनकार
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. दिल्ली उच्च न्यायालय ने बादली और नरेला स्टेशनों के बीच यात्री ट्रेनों को हर स्टेशन पर रोकने, होलांबी कलां में एक रेलवे टर्मिनल का निर्माण करने और सभी प्रकार की यात्री ट्रेनों के रुकने के लिए नियमों का मसौदा तैयार करने की मांग वाली एक जनहित याचिका पर विचार करने से मंगलवार को इनकार करते हुए कहा कि यह सरकार का एक नीतिगत निर्णय है।
नयी दिल्ली, 23 जून दिल्ली उच्च न्यायालय ने बादली और नरेला स्टेशनों के बीच यात्री ट्रेनों को हर स्टेशन पर रोकने, होलांबी कलां में एक रेलवे टर्मिनल का निर्माण करने और सभी प्रकार की यात्री ट्रेनों के रुकने के लिए नियमों का मसौदा तैयार करने की मांग वाली एक जनहित याचिका पर विचार करने से मंगलवार को इनकार करते हुए कहा कि यह सरकार का एक नीतिगत निर्णय है।
मुख्य न्यायाधीश डी. ए. पटेल और न्यायमूर्ति प्रतीक जालान की पीठ ने कहा कि याचिका में जिस राहत का अनुरोध किया गया है उस बारे में केन्द्र या रेलवे ही नीतिगत निर्णय ले सकता है। इसलिए हमें आदेश जारी करने के लिए इस पर सुनवाई का कोई कारण नजर नहीं आता।
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अदालत ने कहा, ‘‘बहरहाल, हम मामले के तथ्यों पर लागू कानून, नियमों, विनियमों और सरकार की नीति के अनुसार याचिकाकर्ता के प्रतिवेदन पर कानून और नियमों के अनुसार निर्णय करने का निर्देश् देते हैं। ’’
उसने कहा कि निर्णय को यथाशीघ्र और व्यावहारिक रूप से लिया जाए और याचिका का निस्तारण किया जाए।
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याचिकार्ता राजेश संथालिया ने बादली स्टेशन पर टिकट काउंटर खोलने की मांग भी की थी।
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