देश की खबरें | न्यायालय ने सीबीएसई को विवाद निवारण तंत्र से जुड़ी याचिकाओं पर जवाब दाखिल करने कहा
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उच्चतम न्यायालय ने शुक्रवार को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) को दो अलग याचिकाओं पर अपना जवाब दाखिल करने को कहा, जिनमें आरोप लगाया गया है कि बोर्ड कोविड-19 महामारी के चलते रद्द कर दी गई 12वीं कक्षा की परीक्षाओं के नतीजों से जुड़े ‘विवाद निवारण तंत्र’ की प्रक्रिया को उपयुक्त रूप से क्रियान्वित करने में नाकाम रहा है।
नयी दिल्ली, आठ अक्टूबर उच्चतम न्यायालय ने शुक्रवार को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) को दो अलग याचिकाओं पर अपना जवाब दाखिल करने को कहा, जिनमें आरोप लगाया गया है कि बोर्ड कोविड-19 महामारी के चलते रद्द कर दी गई 12वीं कक्षा की परीक्षाओं के नतीजों से जुड़े ‘विवाद निवारण तंत्र’ की प्रक्रिया को उपयुक्त रूप से क्रियान्वित करने में नाकाम रहा है।
ये याचिकाएं सुनवाई के लिए न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर और न्यायमूर्ति सी टी रविकुमार के समक्ष आईं।
सीबीएसई की ओर से न्यायालय में उपस्थित हुए वकील ने कहा कि उन्हें याचिकाओं की प्रतियां केवल दो दिन पहले दी गई हैं और वह समय के अभाव के चलते जवाब दाखिल नहीं कर सकें।
शीर्ष न्यायालय ने विषय की सुनवाई 20 अक्टूबर के लिए निर्धारित कर दी और वकील से 18 अक्टूबर को या इससे पहले जवाब दाखिल करने को कहा।
शीर्ष न्यायालय ने 17 जून को काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशंस (सीबीएसई) की मूल्यांकन योजनाओं को मंजूरी दी थी। बोर्ड ने 10वीं, 11 वीं और 12 वीं कक्षा के नतीजों के आधार पर 30:30:40 का फार्मूला अपनाया था।
न्यायालय ने यह भी कहा था कि अंतिम नतीजे में यदि छात्र सुधार चाहते हों तो इसके लिए मूल्यांकन योजना को विवाद निवारण के लिए प्रावधान भी करना चाहिए।
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