देश की खबरें | कर्ज माफी के नाम पर कांग्रेस ने किया घोटाला : शिवराज चौहान
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भोपाल, सात जुलाई मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस पर किसानों की कर्ज माफी योजना के नाम पर घोटाला करने और लोगों को धोखा देने का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस अब भाजपा सरकार से कर्ज माफी करने के बारे में सवाल कर रही है।
मध्यप्रदेश में भाजपा सरकार के 100 दिन पूरा होने पर मुख्यमंत्री चौहान ने मंगलवार को करैरा विधानसभा क्षेत्र के लिये डिजिटल रैली को सम्बोधित करते हुए कहा, ‘‘कांग्रेस के तत्कालीन अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा था, हम 10 दिनों में कर्जमाफी करेंगे। सवा साल सत्ता में रहने के बाद कांग्रेसी हम से पूछ रहे हैं कि कर्जमाफी करोगे या नहीं? अगर ये भी हमें करना था, तो फिर आप क्यों सत्ता में आए थे? कमलनाथ सरकार ने किसानों को कर्जमाफी के प्रमाण पत्र दे दिये, लेकिन बैंकों को पैसा नहीं दिया, ये चार सौ बीसी नहीं तो और क्या है? मैं ये साफ कर देना चाहता हूं कि कर्जमाफी के नाम पर जो घोटाला हुआ है, हम इस घोटाले की एक-एक परत खोलेंगे।’’
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चौहान ने कहा कि कर्जमाफी के इस चक्कर में प्रदेश के किसान डिफाल्टर (ऋण नहीं चुकाने वाला) बन गए हैं, लेकिन किसान को चिंता करने की जरूरत नहीं है। कमलनाथ सरकार की इस मुसीबत से वह उन्हें उबारेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाला उपचुनाव कोई साधारण चुनाव नहीं है। यह प्रदेश की जनता के भाग्य को बदलने वाला और प्रदेश की तस्वीर को बदलने वाला चुनाव है।
दिल्ली से इस डिजिटल रैली को सम्बोधित करते हुए राज्यसभा सदस्य ज्योतिरादित्य सिंधिया ने आरोप लगाया कि मध्यप्रदेश में जब कोरोना वायरस ने दस्तक दी तब तत्कालीन मुख्यमंत्री कमलनाथ और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने एक बार भी उस रोग को लेकर बैठक नहीं की।
उन्होंने कहा, ‘‘इनके पास आईफा अवार्ड के लिए समय था, इनके पास अभिनेता और अभिनेत्री के पास खडे होने का समय था, लेकिन जनता के लिए कोई समय नहीं था।’’
मुख्यमत्री चौहान की प्रशंसा करते हुए भाजपा नेता सिंधिया ने आगे कहा, ‘‘शिवराजसिंह चौहान जब मुख्यमंत्री बने तो उन्होंने दिन रात अकेले 18 घंटे काम करते हुए कोरोना का मुकाबला कर प्रदेश की जनता को बचाया जिसके कारण आज मध्यप्रदेश की कोरोना दर 0.5 प्रतिशत पर है। यह मध्यप्रदेश का सौभाग्य है कि मुख्यमंत्री के रूप में जनसेवक मिला है।’’
कांग्रेस से बागी हो विधायक पद से त्यागपत्र देने वाले और भाजपा में शामिल होने वाले अपने 22 समर्थकों का दलबदल के मुद्दे पर बचाव करते हुए सिंधिया ने कहा कि ये लोग (कांग्रेस) उनकी छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं। जिन विधानसभा क्षेत्रों में उपचुनाव हैं, वहां के पूर्व विधायक त्याग और तपस्या की प्रतिमूर्ति हैं। इन्होंने सत्य के लिए, मध्यप्रदेश के विकास के लिए और जनता के न्याय के लिए अपने पद से इस्तीफा दिया।
सिंधिया ने कहा कि आने वाला चुनाव अलग तरह का चुनाव है। ये चुनाव सोशल मीडिया पर लड़ा जाएगा। हमें सोशल मीडिया पर ईंट का जवाब पत्थर से देना होगा। इसके लिए टीम तैयार करें और लोगों को प्रशिक्षित करें।
पूर्व केन्द्रीय मंत्री ने चीन को करारा जवाब देने और देश के सशस्त्र बलों के मनोबल को बढ़ाने हेतु लेह का दौरा करने पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्रशंसा की। उन्होंने कहा, ‘‘आज सेना पूरे विश्वास और उर्जा से भरी हुई है। यही कारण है कि सेना के पराक्रम के आगे चीन वापस जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने चीन को ईंट का जवाब पत्थर से दिया है।’’
सिंधिया से पहले प्रदेश भाजपा के अध्यक्ष वीडी शर्मा ने अशोक नगर विधानसभा क्षेत्र के लिये डिजिटल रैली को सम्बोधित किया। सिंधिया ने इस रैली में आरोप लगाया, ‘‘15 महीने की कमलनाथ सरकार अन्याय, अत्याचार और भ्रष्टाचार की सरकार थी। कमलनाथ सरकार ने वल्लभ भवन (मंत्रालय भवन) को भ्रष्टाचार का अड्डा बना दिया था। वहां सांसद-विधायक नहीं जा पाते थे और सौदागरों, ठेकेदारों की पहुंच अंदर तक थी।’’
सिंधिया ने कहा कि आने वाला उप चुनाव भाजपा-कांग्रेस का चुनाव नहीं है, बल्कि यह प्रदेश की आन बान शान और उसके भविष्य को बचाने का चुनाव है। इस चुनाव से देश में यह संदेश जाएगा कि जब कोई सरकार अत्याचार और भ्रष्टाचार पर उतारू हो जाती है, तो भाजपा का कार्यकर्ता किस तरह इस अन्याय का विरोध करता है।
रैली को सम्बोधित करते हुए मध्यप्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीडी शर्मा ने कहा कि आने वाला उपचुनाव गरीबों के हितों का चुनाव है। इन चुनावों में एक तरफ वह दल है, जिसने 15 महीने में मध्यप्रदेश को तबाह और बर्बाद किया। वहीं दूसरी तरफ मध्यप्रदेश को बचाने और विकास की ओर अग्रसर करने वाले लोग हैं।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jul 07, 2020 10:27 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

