देश की खबरें | हाथरस और करौली की घटना के बीच तुलना निहित राजनीतिक हितों की खातिर की जा रही :कांग्रेस
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. कांग्रेस ने रविवार को कहा कि हाथरस और करौली की घटनाओं के बीच जो लोग तुलना कर रहे हैं, वे ‘निहित राजनीतिक हितों’ की खातिर ऐसा कर रहे हैं। पार्टी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में न्याय नहीं हुआ, जबकि राजस्थान में तत्काल कार्रवाई की गई।
नयी दिल्ली, 11 अक्टूबर कांग्रेस ने रविवार को कहा कि हाथरस और करौली की घटनाओं के बीच जो लोग तुलना कर रहे हैं, वे ‘निहित राजनीतिक हितों’ की खातिर ऐसा कर रहे हैं। पार्टी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में न्याय नहीं हुआ, जबकि राजस्थान में तत्काल कार्रवाई की गई।
गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के हाथरस में 19 वर्षीय एक दलित युवती से 14 सितंबर को अगड़ी जाति के चार लोगों ने कथित तौर पर बलात्कार किया था। पखवाड़े भर बाद दिल्ली के एक अस्पताल में पीड़िता की मौत हो गई। इसके बाद उसके शव का स्थानीय प्रशासन ने रातोंरात दाह-संस्कार कर दिया और पीड़िता के परिजनों का आरोप है कि इसके लिये वे सहमत नहीं थे।
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वहीं, कुछ दिनों पहले राजस्थान के करौली जिले में मंदिर के पास खेती की जमीन पर कथित तौर पर कब्जा करने को लेकर पांच लोगों ने एक पुजारी को जिंदा जला दिया। पुजारी की बृहस्पतिवार को अस्पताल में मौत हो गयी।
भाजपा ने करौली की इस घटना को लेकर राजस्थान की अशोक गहलोत नीत सरकार पर हमला बोला है।
रविवार को कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक सिंघवी ने संवाददाता सम्मेलन में इन दोनों घटनाओं के बारे में पूछे जाने पर कहा कि करौली और हाथरस के बीच निहित राजनीतिक हितों द्वारा तुलना किया जा रहा, जो कि न्याय का मखौल उड़ाता है।
उन्होंने कहा कि हर हत्या की अवश्य ही निंदा की जानी चाहिए, चाहे वह हाथरस हो, या करौली हो।
उन्होंने कहा, ‘‘क्या करौली में आधी रात में दाह-संस्कार किया गया? जवाब है ‘नहीं’। क्या उप्र में ऐसा किया गया? जवाब है ‘हां’।
सिंघवी ने कहा, ‘‘आपने सभी नेताओं और पत्रकारों के साथ ...पांच दिनों तक, धक्कम-धक्का, दुर्व्यवहार किया, लेकिन (पीड़िता के परिवार तक) उन्हें पहुंचने नहीं दिया, जबकि ऐसा राजस्थान में नहीं हुआ। लेकिन यह उप्र में हुआ। ’’
उन्होंने हर किसी से दोनों घटनाओं के बीच अंतर करने का अनुरोध करते हुए कहा कि राजस्थान में तत्काल कार्रवाई कर न्याय किया गया।
सिंघवी ने कहा, ‘‘एक जगह (करौली में) न्याय हुआ, जबकि एक जगह (हाथरस में) अन्याय हुआ। अपनी अंतरआत्मा से पूछिये और यह मत सोचिये कि भारत के लोग बेवकूफ हैं। ’’
उल्लेखनीय है कि भाजपा ने राजस्थान में अपराध की घटनाओं को लेकर कांग्रेस की आलोचना करते हुए कहा था कि राज्य में कानून व्यवस्था बदतर हो गई है।
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