देश की खबरें | यूएपीए की कठोरता को चुनौती : दिल्ली उच्च न्यायालय ने केंद्र से जवाब मांगा
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नयी दिल्ली, 10 मार्च दिल्ली उच्च न्यायालय ने गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम, 1967 के कुछ प्रावधानों को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर केंद्र को जवाब देने का सोमवार को निर्देश दिया।
मुख्य न्यायाधीश डी के उपाध्याय और न्यायमूर्ति तुषार राव गेडेला की पीठ ने कहा, ‘‘भारत संघ की ओर से हलफनामा/जवाब दाखिल किया जाए।’’
अदालत ने मामले को मई में आगे की सुनवाई के लिए स्थगित कर दिया है।
अदालत यूएपीए के उस प्रावधान के खिलाफ ‘फाउंडेशन फॉर मीडिया प्रोफेशनल्स’ की याचिका के अलावा उच्चतम न्यायालय से स्थानांतरित याचिकाओं पर विचार कर रही है, जो गैरकानूनी घोषित किए गए संगठनों की सदस्यता को आपराधिक बनाता है।
शीर्ष अदालत ने सजल अवस्थी, ‘एसोसिएशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ सिविल राइट्स’ (एपीसीआर) और अमिताभ पांडे की याचिकाओं को उच्च न्यायालय में भेज दिया था। इन याचिकाओं में यूएपीए प्रावधानों में संशोधन को चुनौती दी गई है, जो सरकार को व्यक्तियों को आतंकवादी घोषित करने और संपत्तियों को जब्त करने का अधिकार देते हैं।
याचिकाओं में आतंकवाद विरोधी कानून के तहत गिरफ्तारी और जमानत प्रतिबंधों के प्रावधानों को भी चुनौती दी गई है।
अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल चेतन शर्मा ने सदस्यता को आपराधिक बनाने संबंधी यूएपीए की धारा 10 को ‘फाउंडेशन फॉर मीडिया प्रोफेशनल्स’ द्वारा चुनौती दिए जाने पर आपत्ति जताते हुए केंद्र के रुख को रिकॉर्ड में दर्ज कराने का आश्वासन दिया।
एएसजी शर्मा ने फाउंडेशन के अधिकार क्षेत्र पर सवाल उठाते हुए कहा कि शीर्ष अदालत ने इस मुद्दे का निपटारा किया और ‘‘इसे आखिरकार दफना दिया।’’ शर्मा ने कहा कि फाउंडेशन से जुड़े लोगों की व्यक्तिगत शिकायतें हैं।
उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालय में मामले के लंबित रहने का अन्य अदालतों में कानून के तहत आपराधिक कार्यवाही पर कोई असर नहीं होना चाहिए।
फाउंडेशन की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता अरविंद दातार ने कहा कि यूएपीए के तहत कई पत्रकार जेल में हैं और उच्चतम न्यायालय द्वारा स्थानांतरित किए गए मामले भी अब उच्च न्यायालय के समक्ष हैं।
उच्चतम न्यायालय ने याचिकाओं को उच्च न्यायालय भेजते हुए कहा था कि ऐसे मामलों में अक्सर जटिल कानूनी मुद्दे उठते हैं और उच्च न्यायालयों के लिए यह उचित होगा कि वे पहले इनकी समीक्षा करें।
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(The above story first appeared on LatestLY on Mar 10, 2025 08:44 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

