देश की खबरें | भीषण गर्मी के बीच केंद्र ने अस्पतालों से विशेष इकाइयां स्थापित करने को कहा
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उत्तर और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में बुधवार को भी भीषण गर्मी का प्रकोप जारी रहा, जिससे लू लगने से होने वाली मौतें बढ़ गईं हैं और केंद्र सरकार ने अस्पतालों को ऐसे मरीजों की देखभाल के लिए विशेष इकाइयां स्थापित करने का परामर्श जारी किया।
नयी दिल्ली, 19 जून उत्तर और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में बुधवार को भी भीषण गर्मी का प्रकोप जारी रहा, जिससे लू लगने से होने वाली मौतें बढ़ गईं हैं और केंद्र सरकार ने अस्पतालों को ऐसे मरीजों की देखभाल के लिए विशेष इकाइयां स्थापित करने का परामर्श जारी किया।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे पी नड्डा ने लू की स्थिति और इससे निपटने के लिए केंद्र सरकार के अस्पतालों की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने आदेश दिया कि केंद्र सरकार द्वारा संचालित अस्पतालों में, लू लगने वाले मरीजों के लिए अलग से व्यवस्था की जाए।
राज्यों को एक परामर्श में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने स्वास्थ्य सुविधा तैयारियों के लिए निर्देश दिए और राष्ट्रीय जलवायु परिवर्तन और मानव स्वास्थ्य कार्यक्रम (एनपीसीसीएचएच) के तहत राज्य के नोडल अधिकारियों को एक मार्च 2024 से लू लगने के मामलों और मौतों और कुल मौतों पर दैनिक डेटा प्रस्तुत करना शुरू करने के लिए कहा गया है।
उत्तर और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में बुधवार को भी लू की स्थिति बनी रही, हालांकि पश्चिमी विक्षोभ अगले कुछ दिनों में मामूली राहत दे सकता है। भारत मौसम विज्ञान (आईएमडी) विभाग ने यह जानकारी दी।
साथ ही, अब मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल हैं।
पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तरी राजस्थान के कई हिस्सों में अधिकतम तापमान 43 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा।
राष्ट्रीय राजधानी के अस्पतालों में पिछले दो दिनों में लू लगने के मामलों में वृद्धि और कई लोगों के मौत की सूचना है। दिल्ली में कम से कम 14 वर्षों में सबसे गर्म रात दर्ज की गई और न्यूनतम तापमान 35.2 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया।
मौसम विभाग ने कहा कि उत्तर प्रदेश, दक्षिण उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पंजाब के कुछ हिस्सों और ओडिशा, झारखंड, बिहार और जम्मू संभाग के कुछ हिस्सों में लू से लेकर गंभीर लू की स्थिति बनी हुई है।
ताजा पश्चिमी विक्षोभ से उत्तरी क्षेत्र में गर्मी से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है। दिल्ली में 20 जून को हल्की बारिश की उम्मीद की जा सकती है।
लंबे समय तक सूखे के बाद बुधवार को देहरादून सहित उत्तराखंड के कई स्थानों पर हल्की बारिश हुई। हिमाचल प्रदेश में शिमला और आसपास के इलाकों में आंधी और बारिश से कुछ राहत मिली।
गंभीर जल संकट से जूझ रही दिल्ली में अधिकतम तापमान सामान्य से चार डिग्री अधिक 43.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शहर में न्यूनतम तापमान 35.2 डिग्री सेल्सियस रहा जो 1969 के बाद जून में सबसे अधिक है।
हरियाणा के नूंह में अधिकतम तापमान 45.3 डिग्री सेल्सियस, फरीदाबाद में 45 डिग्री सेल्सियस जबकि गुरुग्राम में 43.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
पंजाब और हरियाणा की संयुक्त राजधानी चंडीगढ़ में तापमान 43.1 डिग्री सेल्सियस के नीचे पहुंच गया। पंजाब के संगरूर में तापमान 44.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि पठानकोट में तापमान 44.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
भीषण गर्मी के कारण बड़ी संख्या में लोगों को पानी के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। वहीं पावर ग्रिड भारी दबाव में हैं और शॉर्ट सर्किट और आग की घटनाओं में वृद्धि हुई है।
दिल्ली में 12 मई से तापमान 40 डिग्री से ऊपर बना हुआ है। इन 36 दिनों में शहर में 16 दिन तक पारा 45 डिग्री तक पहुंचा या उसके पार चला गया।
दिल्ली-एनसीआर के अस्पतालों में लू लगने और गर्मी के कारण मरीजों की भीड़ देखी जा रही है।
आईएमडी के अनुसार देश के लगभग 40 प्रतिशत हिस्से में लू के दिनों की संख्या सामान्य से दोगुनी दर्ज की गई है।
पिछले कुछ हफ्तों में राजस्थान में तापमान दो बार 50 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया और दिल्ली में लगातार 36 दिनों तक तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया है।
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(The above story first appeared on LatestLY on Jun 20, 2024 12:48 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

