थानाधिकारी की आत्महत्या के मामले में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज
थाना प्रभारी विष्णु दत्त विश्नोई का शव रविवार को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया। परिजन शव को लेकर श्रीगंगानगर रवाना हो गए हैं।
बीकानेर/जयपुर, 24 मई राजस्थान में चूरू जिले के राजगढ़ थाना प्रभारी के अपने क्वार्टर में फांसी लगाकर आत्महत्या करने के मामले में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ उन्हें खुदकुशी के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया गया है।
थाना प्रभारी विष्णु दत्त विश्नोई का शव रविवार को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया। परिजन शव को लेकर श्रीगंगानगर रवाना हो गए हैं।
सुसाइड नोट और परिवार के सदस्यों के आरोप के आधार पर शनिवार देर रात राजगढ़ पुलिस थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) के तहत मामला दर्ज किया गया।
परिजनों का आरोप है कि विश्नोई दबाव में थे जो उनकी आत्महत्या का कारण बना।
मामले की न्यायिक जांच और परिवार के एक सदस्य को अनुकंपा के आधार सरकारी नौकरी देने के आश्वासन के बाद घटना को लेकर जारी गतिरोध समाप्त हो गया।
इस बीच, राजगढ़ थाने के पुलिसकर्मियों ने बीकानेर के पुलिस महानिरीक्षक जोस मोहन को प्रार्थना पत्र देकर कहा है कि उनपर एक स्थानीय विधायक का दबाव रहता है और उनका तबादला अन्यत्र किया जाना चाहिए।
पुलिसकर्मियों ने आरोप लगाया है कि स्थानीय विधायक द्वारा वरिष्ठ अधिकारियों से अनावश्यक शिकायत कर दबाव बनाया जाता है।
विधानसभा में प्रतिपक्ष के उपनेता राजेन्द्र राठौड़ सहित भाजपा नेताओं और अन्य नेताओं ने आरोप लगाया कि एक स्थानीय विधायक द्वारा थानाधिकारी पर दबाव बनाया जाता था।
इस बीच, चूरू पुलिस अधीक्षक तेजस्वनी गौतम ने कहा कि वह थाने के प्रत्येक पुलिसकर्मी से व्यक्तिगत तौर पर मिलकर मामले की सच्चाई जानने की कोशिश कर रही हैं।
उन्होंने कहा कि वह तथ्यों का पता लगाने के लिए सभी कर्मचारियों से व्यक्तिगत रूप से बात कर रही हैं जिनमें से कुछ ने कहा कि उन्होंने भावुकता में प्रार्थना पत्र पर हस्ताक्षर किए हैं।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि परिजनों ने पुलिस थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 306 के तहत मामला दर्ज कराया है। परिजनों को आश्वस्त किया गया है कि जिला कलेक्टर मामले को न्यायिक जांच के लिए राज्य सरकार के पास भेजेंगे। साथ ही थानाधिकारी के परिवार के एक सदस्य को अनुकंपा के आधार सरकारी नौकरी दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि परिवार के सदस्य आश्वासन के बाद शांत हो गए। पोस्टमार्टम के बाद रविवार को शव परिजनों को सौंप दिया गया।
शनिवार सुबह थानाधिकारी अपने क्वार्टर में छत के पंखे से लटके मिले थे। उनके पास से दो सुसाइड नोट मिले थे जिनमें से एक उन्होंने अपने माता-पिता को और दूसरा चूरू पुलिस अधीक्षक के नाम लिखा था।
चूरू पुलिस अधीक्षक को लिखे सुसाइड नोट में विश्नोई ने लिखा कि वह अपने चारों ओर बनाए जा रहे दबाव को सहन नहीं कर सकते। उन्होंने लिखा कि उन्होंने राजस्थान पुलिस को अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश की, वह कायर नहीं हैं, लेकिन तनाव को सहन करने की स्थिति में नहीं हैं। उन्होंने दबाव बनाए जाने को लेकर सुसाइड नोट में किसी के नाम का उल्लेख नहीं किया।
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