जरुरी जानकारी | शेयर बाजारों में तेजी पर लगा विराम; सेंसेक्स, निफ्टी रिकार्ड ऊंचाई से नीचे बंद
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. घरेलू शेयर बाजारों में चार कारोबारी सत्रों से जारी तेजी पर बुधवार को विराम लग गया और दोनों प्रमुख सूचकांक -बीएसई सेंसेक्स तथा एनएसई निफ्टी रिकार्ड ऊंचाई से नीचे बंद हुए।
मुंबई, 16 जून घरेलू शेयर बाजारों में चार कारोबारी सत्रों से जारी तेजी पर बुधवार को विराम लग गया और दोनों प्रमुख सूचकांक -बीएसई सेंसेक्स तथा एनएसई निफ्टी रिकार्ड ऊंचाई से नीचे बंद हुए।
अमेरिकी फेडरल रिजर्व की मौद्रिक समीक्षा बैठक के परिणाम आने से पहले निवेशकों के सतर्क रुख के बीच रिलायंस इंडस्ट्रीज और एचडएफसी तथा एचडीएफसी बैंक में जोरदार बिकवाली से यह गिरावट आयी।
तीस शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 271.07 अंक यानी 0.51 प्रतिशत की गिरावट के साथ 52,501.98 पर बंद हुआ। मंगलवार को यह 52,773.05 अंक के रिकार्ड स्तर पर बंद हुआ था।
एनएसई निफ्टी भी 101.70 अंक यानी 0.64 प्रतिशत टूटकर रिकार्ड स्तर से नीचे 15,767.55 अंक पर बंद हुआ।
सेंसेक्स के शेयरों में करीब 2 प्रतिशत की गिरावट के साथ सर्वाधिक नुकसान में पावरग्रिड का शेयर रहा। इसके अलावा इंडसइंड बैंक, रिलायंस इंडस्ट्रीज, एल एंड टी, अल्ट्राटेक सीमेंट और बजाज फाइनेंस में भी गिरावट रही।
दूसरी तरफ नेस्ले, एनटीपीसी, ओएनजीसी, बजाज फिनसर्व, हिंदुस्तान यूनिलीवर और इन्फोसिस समेत अन्य शेयर लाभ में रहे।
जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, ‘‘फेडरल रिजर्व की नीतिगत घोषणा से पहले वैश्विक बाजारों में सतर्क रुख के साथ घरेलू शेयर बाजारों में गिरावट आयी। अमेरिका में कीमतों में वृद्धि से मुद्रास्फीति प्रवृत्ति को लेकर चिंता बढ़ी है। हालांकि फेडरल रिजर्व नरम रुख बनाये रखता है और अल्पकालीन मुद्रास्फीति दबाव को लेकर शांत टिप्पणी करता है, तो इससे बाजार में तेजी आ सकती है।’’
चाइस ब्रोकिंग ने एक रिपोर्ट में कहा कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व के निर्णय से पहले घरेलू बाजार पर कमजोर वैश्विक रुख का असर रहा।
निफ्टी में गिरावट का एक प्रमुख कारण खासकर धातु और वित्तीय शेयरों में बिकवाली है। सूचकांक के नीचे आने में रिलायंस, अडाणी पोर्ट्स और एचडीएफसी का मुख्य योगदान रहा।
एचडीएफसी सिक्योरिटीज के खुदरा शोध प्रमुख दीपक जसानी ने कहा कि एशियाई बाजारों में कमजोर रुख तथा अमेरिकी फेडरल रिजर्व बैठक के नतीजे आने से पहले घरेलू शेयर बाजारों में चार दिन से जारी तेजी पर विराम लगा और दोनों मानक सूचकां रिकार्ड ऊंचाई से नीचे बंद हुए।
मझोली कंपनियों और छोटी कंपनियों के सूचकांक में क्रमश: 0.95 प्रतिशत और 0.68 प्रतिशत की गिरावट आयी।
खंडवार सूचकांकों में बीएसई धातु 2.58 प्रतिशत, बीएसई इंडस्ट्री 1.62 प्रतिशत, बीएसई ऊर्जा 1.43 प्रतिशत, बीएसई पावर 1.33 प्रतिशत और बीएसई धातु 1.32 प्रतिशत नीचे आये।
एशिया के अन्य बाजारों में मिला-जुला रुख रहा। शंघाई, हांगकांग और तोक्यो नुकसान में रहे जबकि सोल लाभ में रहा।
यूरोप के प्रमुख बाजारों में भी शुरूआती कारोबार में मिला-जुला रुख रहा।
इस बीच, अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड 0.14 प्रतिशत मजबूत होकर 74.09 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया।
अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये की विनिमय दर एक पैसे की मामूली गिरावट के साथ 73.32 पर रही।
शेयर बाजार के पास उपलब्ध आंकड़े के अनुसार विदेशी संस्थागत निवेशक पूंजी बाजार में शुद्ध लिवाल रहे। उन्होंने मंगलवार को 633.69 करोड़ रुपये मूल्य के शेयरों की शुद्ध खरीद की।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 16, 2021 06:47 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

