कोलकाता, 12 अक्टूबर लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी ने सोमवार को कहा कि भाजपा को पश्चिम बंगाल में पगड़ी मुद्दे के बजाय कृषि कानूनों से प्रभावित सिखों पर ध्यान देना चाहिए।
चौधरी ने कहा कि भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार द्वारा पारित कृषि कानूनों के कारण पंजाब में लाखों सिखों का भविष्य अधर में लटक गया है और भगवा पार्टी यहां एक विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा एक सिख की पगड़ी खींचे जाने की कथित घटना को लेकर हंगामा खड़ा कर रही है।
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उन्होंने कहा कि कांग्रेस को पश्चिम बंगाल में पुलिस बल के खिलाफ कई शिकायतें हैं, लेकिन वह इस बात पर विश्वास नहीं करते कि बल सांप्रदायिकता में लिप्त है या लोगों को जाति और पंथ के आधार पर विभाजित कर रहा है।
भाजपा ने आरोप लगाया है कि आठ अक्टूबर को राज्य सचिवालय की ओर विरोध मार्च के दौरान पार्टी के एक नेता के निजी सुरक्षा अधिकारी बलविंदर सिंह की पगड़ी कथित तौर पर खींचकर पुलिस ने सिख समुदाय के प्रति अनादर दिखाया है और उन्हें रैली में एक पिस्तौल ले जाने के लिए गिरफ्तार किया गया।
राज्य सरकार ने हालांकि कहा है कि पुलिस के साथ हाथापाई के दौरान उनकी पगड़ी खुल गई थी।
पश्चिम बंगाल कांग्रेस के अध्यक्ष चौधरी ने पत्रकारों से कहा कि पुलिस ने सिंह को गिरफ्तार करने का कारण बताया है।
चौधरी ने कहा, ‘‘देश के अन्य हिस्सों में सिखों पर हमले हो सकते हैं, लेकिन इस राज्य में उन पर अत्याचार की घटना कभी नहीं हुई है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘लाखों सिख लोग केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं और अपने भविष्य को लेकर आशंकित हैं। यदि भाजपा वास्तव में सिखों की भावनाओं को समझती है तो बंगाल में उसके नेताओं को कृषि कानूनों के खिलाफ बोलना चाहिए।’’
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