जम्मू-कश्मीर की पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती का बड़ा बयान, कहा- भाजपा देश को एक और विभाजन की ओर ले जा रही
महबूबा ने दावा किया कि भाजपा को कश्मीर में कोई जगह नहीं मिलेगी. उन्होंने दावा किया कि केवल भाड़े के एजेंट वहां पार्टी का झंडा उठा रहे हैं जबकि जम्मू में ‘सांप्रदायिक ताकतों से’ मुकाबला करने के लिए खड़ा होना अनिवार्य है. उन्होंने कहा कि जम्मू सभी धर्मों का घर है और इस शहर ने पूरे जम्मू-कश्मीर के लोगों को उनकी धार्मिक अस्था से परे जाकर स्वीकार किया है.
श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर (Jammu-Kashmir) की पूर्व मुख्यमंत्री ने यह आरोप लगाने के साथ देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू (Jawahar Lal Nehru) की उनकी ‘‘धर्मनिरपेक्षता’ (Secularism) को लेकर विश्वसनीयता और भारत (India) को विकास और समृद्धि की राह पर ले जाने के लिए प्रशंसा की. महबूबा (Mehbooba) ने आरएसपुरा में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘(पाकिस्तान के संस्थापक मोहम्मद अली) जिन्ना (Jinnah) ने इतिहास में इस देश का विभाजन किया लेकिन आज एक बार फिर देश को सांप्रदायिक आधार पर बांटने के लिए हर कोशिश की जा रही है. ये लोग (भाजपा) एक और विभाजन चाहते हैं.’’ Jammu-Kashmir: उपराज्यपाल मनोज सिन्हा का बड़ा बयान, कहा- हमारा लक्ष्य जम्मू-कश्मीर को आतंकवाद और भ्रष्टाचार से मुक्त कराना है
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की हत्या नाथू राम गोडसे ने की ‘‘और उसकी विचारधारा का अनुपालन आज गोडसे के सैकड़ों और हजारों अनुयायी कर रहे हैं.’’ उन्होंने कहा कि लोगों को भाजपा और अन्य फासीवादी ताकतों के ‘नापाक मंसूबो’ से मिलकर लड़ना होगा.
महबूबा ने कहा, ‘‘अगर हम इस धार्मिक विभाजन को होने देंगे तो भगत सिंह जैसे स्वतंत्रता सेनानियों का बलिदान बेकार चला जाएगा. इसलिए एक बार फिर गांधी को मरने नहीं दें.’’ उन्होंने कहा कहा, ‘‘ उनकी पार्टी गांधीवादी विचारधारा को मरने नहीं देगी.’’
महबूबा ने दावा किया कि भाजपा को कश्मीर में कोई जगह नहीं मिलेगी. उन्होंने दावा किया कि केवल भाड़े के एजेंट वहां पार्टी का झंडा उठा रहे हैं जबकि जम्मू में ‘सांप्रदायिक ताकतों से’ मुकाबला करने के लिए खड़ा होना अनिवार्य है. उन्होंने कहा कि जम्मू सभी धर्मों का घर है और इस शहर ने पूरे जम्मू-कश्मीर के लोगों को उनकी धार्मिक अस्था से परे जाकर स्वीकार किया है.
महबूबा ने कहा, ‘‘अनुच्छेद 370 को हटाने का सबसे अधिक नुकसान जम्मू को हुआ. न केवल कारोबार और अर्थव्यवस्था बल्कि जम्मू और यहां के लोगों की सांस्कृतिक पहचान दांव पर है. ’’
उन्होंने दावा किया कि खराब हालात की वजह से कश्मीर कोई नहीं आ रहा है.
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(The above story first appeared on LatestLY on Mar 20, 2022 09:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

